लोनिवि को बरसात में आई सुरक्षा दीवार बनाने की याद
कण्वघाटी/कोटद्वार। कोटद्वार-चिलरखाल मार्ग पर नवनिर्मित तेलीसोत पुल की एक एप्रोच रोड पर नदी से कटाव का खतरा मंडरा रहा है। पुल और एप्रोच रोड का काम निपटने के बाद अब लोनिवि को यहां पर सुरक्षा दीवार बनाने की याद आई है। भरी बरसात में खोदाई का मलबा नदी में डालने से खतरा दोगुना बढ़ गया है।
लोनिवि दुगड्डा ने 236.31 लाख की लागत से इसी साल 30 मीटर स्पान के तेलीसोत पुल का निर्माण कराया। बीती 27 जून को पुल का विधिवत लोकार्पण भी हो गया। हालांकि अप्रैल माह से इस पर वाहनों की आवाजाही शुरू हो गई थी। तेलीसोत पुल के पास दो संपर्क मार्ग भी जुडे़ हैं। जिसमें तेलीपाड़ा मगनपुर वाली दिशा में बने संपर्क मार्ग की एप्रोच रोड को नदी के कटाव से खतरा बना है।
पहले भी इस एप्रोच रोड की दीवार क्षतिग्रस्त हो चुकी है। अब एक बार फिर से लोनिवि एप्रोच रोड को सुरक्षित करने के लिए सुरक्षा दीवार बना रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि भरी बरसात में निर्माण कार्य कराए जाने और खोदाई का मलबा नदी में डालने से खतरा दोगुना बढ़ा गया है।
लोनिवि की अवर अभियंता शालू वर्मा ने बताया कि नदी में डाला गया मलबा जल्द हटा लिया जाएगा। सुरक्षा दीवार का निर्माण एप्रोच रोड पर कटाव के खतरे को देखते हुए किया जा रहा है। इसकी गुणवत्ता का पूरा ध्यान रखा जा रहा है।