नगर और ग्रामीण क्षेत्र में चरम पर चल रहे स्मैक के धंधे के खिलाफ भाजपा ने बुधवार देर शाम मशाल जुलूस निकालकर विरोध प्रदर्शन किया। पूर्व विधायक शैलेंद्र सिंह रावत की अगुवाई में सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारियों ने शासन-प्रशासन और सरकार पर मादक पदार्थों की तस्करी पर अकुंश लगाने में नाकाम रहने का आरोप लगाया। कहा कि सरकारी मशीनरी की हीला-हवाली के चलते गढ़वाल के प्रवेश द्वार में मादक पदार्थों का धंधा चरम पर है।
युवा पीढ़ी इसकी चपेट में आकर बर्बाद हो रही है। शहर और भाबर के अभिभावक अपने बच्चों के इसकी चपेट में आने से चिंतित हैं। जो काम सरकार को खुद करना चाहिए, उसके लिए लोगों को सड़क पर उतरना पड़ रहा है।बुधवार देर शाम करीब पौने आठ बजे पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार पूर्व विधायक शैलेंद्र सिंह रावत, भाजपा जिलाध्यक्ष शैलेंद्र बिष्ट, पूर्व अध्यक्ष धीरेंद्र चौहान, राजेंद्र अण्थ्वाल, कैलाश थलेड़ी समेत दर्जनों पदाधिकारियों और वरिष्ठ कार्यकर्ताओं, महिला मोर्चा सदस्यों ने स्मैक के धंधे के खिलाफ शहरभर में जुलूस निकाला।
हिंदू पंचायती धर्मशाला से झंडाचौक, स्टेशन रोड, नजीबाबाद चौक, बदरीनाथ मार्ग होते हुए तहसील मुख्यालय पहुंचा। यहां प्रदर्शनकारियों ने राज्य सरकार, पुलिस और प्रशासन पर स्मैक के धंधे पर रोक लगाने में नाकाम रहने का आरोप लगाया। कहा कि इसके सेवन से युवा पीढ़ी बर्बादी की कगार पर पहुंच गई है। इसके लिए प्रदर्शनकारियों ने सरकारी उपेक्षा, बदहाल कानून व्यवस्था को जिम्मेदार ठहराया।
वापसी में जुलूस झंडाचौक में पहुंचकर एक सभा में तब्दील हो गया। वक्ताओं ने कहा कि जनप्रतिबिऌध, नेता और स्थानीय विधायक अपनी जिम्मेदारी से बचते नजर आ रहे हैं। पुलिस-प्रशासन इसके मुख्य सप्लायर्स और इसके सरगना को पकड़ने के बजाए प्रभावित बच्चों को पकड़कर पल्ला झाड़ रही है। कहा कि पूर्ववर्ती भाजपा सरकार द्वारा स्वीकृत कोटद्वार जिला निर्माण को श्रेय की राजनीति के चलते ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है।
जुलूस प्रदर्शन में उमेश त्रिपाठी, बीरेंद्र रावत, मुकेश नेगी, सुनील गोयल, मंगतराम अग्रवाल, अमित भारद्वाज, हरीश खर्कवाल, विनय भाटिया, प्रमोद भाटिया, महेश भाटिया, भंजू भाटिया, राजगौरव नौटियाल, राजीव कोठारी, बलराम, अंकित अग्रवाल, सौरभ नौडियाशल, गौरव जोशी आदि मौजूद थे।