संवाद न्यूज एजेंसी
कोटद्वार/लैंसडौन। भाई और बहन के प्रेम और विश्वास का पर्व भैया दूज परंपरागत रूप में मनाया गया। बहनों ने भाई को तिलक कर जीवन पर्यंत उनकी सलामती की कामना की।
भाइयों से मिलने जयपुर, दिल्ली, नोएडा, देहरादून समेत दूरस्थ क्षेत्रों से बड़ी संख्या में बहनें कोटद्वार एवं गढ़वाल के पर्वतीय क्षेत्रों में पहुंची थीं। बृहस्पतिवार सुबह बहनों ने भाइयों का तिलक कर आरती उतारी। वहीं, भाइयों ने बहन को उपहार भेंट किया।
वहीं, कोटद्वार के अलावा लैंसडौन आदि जगहों पर भी बहनों ने परंपरागत ढंग से घर की देहरी पर गोबर का चौका लगाकर दूध व पानी में चावल, खील-बताशे का भोग गोबर के चौके पर लगाया। हितू और आकांक्षा ने कहा कि अगर बहन अपने भाई को स्वयं जिमाती है तो भाइयों की उम्र बढ़ती है और जीवन के कष्ट दूर होते हैं।