प्रतिभाओं का सम्मान, पर्यावरण संरक्षण व सड़क सुरक्षा के प्रति किया जागरूक
बैजरो। सहयोग ट्री फाउंडेशन की ओर से आयोजित तीन दिवसीय 5वें धुमाकोट महाकौथिग का मंगलवार को समापन हो गया। कार्यक्रम में शिक्षा, कृषि, सामाजिक कार्य, उद्यमिता, पर्यावरण संरक्षण और संस्कृति के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले 16 व्यक्तियों को सम्मानित किया गया।
फाउंडेशन के अध्यक्ष सोमपाल नेगी ने बताया कि इस वर्ष का महाकौथिग काफी खास रहा। सल्ट ब्लॉक के जीआईसी नेवलगांव के शिक्षक ललित मोहन मोलिखी को विद्यालय समय के अतिरिक्त 300 से अधिक बच्चों को निशुल्क ऑनलाइन कोचिंग देने के लिए सम्मानित किया गया। पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में सक्रिय शंकर सिंह बिष्ट ने जल, जंगल और जीवन विषय पर जागरूकता अभियान चलाया। वहीं, यूथ उत्तराखंड के रोहित रावत ने ग्रामीण महिलाओं को जंगली जानवरों से सुरक्षा के लिए सेफ्टी किट वितरित की।
महाकौथिग समिति के अध्यक्ष रणवीर सिंह बिष्ट ने बताया कि स्थानीय उत्पादों और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए उद्यमियों एवं स्वयं सहायता समूहों को स्टॉल उपलब्ध कराए गए। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के तहत पारंपरिक ढोल सम्मान इस वर्ष नलई गांव के सुदामा को प्रदान किया गया। कार्यक्रम में सड़क दुर्घटनाओं पर आधारित जागरूकता नाटक का मंचन भी किया गया जिसमें जर्जर सड़कों, आपदा प्रबंधन और राहत-बचाव की चुनौतियों को दर्शाया गया।
वहीं, ग्रामीण क्षेत्रों में आपातकालीन सुविधाओं की कमी को देखते हुए आयोजन में प्रयुक्त एक स्ट्रेचर धुमाकोट अस्पताल को भेंट किया गया। आयोजकों ने कहा कि दूरस्थ क्षेत्रों में स्वास्थ्य एवं राहत संसाधनों को मजबूत करना समय की आवश्यकता है। कार्यक्रम में वीरू पटवाल, नरेंद्र रावत, कुलदीप रावत, राजू पटवाल, पंकज पटवाल, रिंकू बिष्ट, राकेश रावत आदि का सहयोग रहा।