संवेदना समूह के कलाकारों के अभिनय से दर्शकों को किया भावविभोर
उत्तरकाशी। राष्ट्रगीत वंदे मातरम् व महाकवि कालीदास की जयंती पर संगीत नाटक अकादमी की ओर से नाट्य दल संवेदना समूह ने जनपद के वीरभड़ जीतू बगड़वाल की जीवनगाथा पर आधारित नाटक का मंचन किया। नाटक में वीरभड़ जीतू बगड़वाल की ओर से अपनी वन और खान की संपदा को बचाने के लिए राजशाही के खिलाफ किए गए विद्रोह और जनता के प्रति समर्पण की भावना को कलाकारों ने मंच पर जीवंत किया। जिला प्रेक्षागृह में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि गंगोत्री विधायक सुरेश चौहान सहित जिलाधिकारी प्रशांत आर्य, जिला पंचायत अध्यक्ष रमेश चौहान, भाजपा जिलाध्यक्ष नागेंद्र चौहान और ब्लॉक प्रमुख डुंडा राजदीप परमार ने किया। इसके बाद राष्ट्रगीत वंदे मातरम् और राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम शुरू किया गया।
इस मौके पर नाट्य दल संवेदना समूह की ओर से वीरभड़ जीतू बगड़वाल की जीवनगाथा का सजीव मंचन किया गया। नाटक में कलाकारों के प्रभावशाली अभिनय के साथ-साथ मंच सज्जा, प्रकाश व्यवस्था एवं उत्तराखंड की पारंपरिक स्थानीय वेशभूषा पूरे मंचन का प्रमुख आकर्षण का केंद्र रही। लोकधुनों पर आधारित गीत-संगीत ने प्रस्तुति को और अधिक जीवंत एवं भावपूर्ण बना दिया जिससे दर्शक आरंभ से अंत तक मंत्रमुग्ध होकर नाटक से जुड़े रहे।
कलाकारों के सशक्त अभिनय, प्रभावी निर्देशन और उत्कृष्ट तकनीकी संयोजन ने प्रस्तुति को यादगार बना दिया। कार्यक्रम की समन्वयक पद्मश्री बसंती बिष्ट ने कहा उत्तराखंड में यह नाट्य समारोह उत्तरकाशी और पिथौरागढ़ में आयोजित किया गया। समारोह में सभी कलाकारों ने उत्कृष्ट प्रस्तुति दी। नाट्य समारोह के सफल आयोजन के लिए उन्होंने संगीत नाटक अकादमी नई दिल्ली, स्थानीय प्रशासन और जनता का आभार व्यक्त किया।
इस नाटक में अंकिता, रानी, काजल, आईशी, सिमरन, अमित, अनिल, आलोक, जयप्रकाश राणा, गंगा डोगरा, अजय नौटियाल, डॉ. अजीत पंवार, संजय पंवार, गोविंद बिष्ट, विपिन नेगी, राजेश जोशी, हरदेव पंवार, जयप्रकाश नौटियाल, धनपाल, उत्तम रावत, आलोक रावत, रोशन, जाह्नवी ने अभिनय किया। इस मौके पर संवेदना समूह के अध्यक्ष जयप्रकाश राणा, महासचिव अजय नौटियाल, निर्देशक डॉ. अजीत पंवार, युवा निर्देशक संजय पंवार आदि मौजूद रहे।