लैंसडौन। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की ओर से की गई लैंसडौन से कोटद्वार रोडवेज बस संचालन की घोषणा हवा हवाई साबित हो रही है। बस संचालन शुरू नहीं होने से भड़के लोगों ने सीएम को ज्ञापन भेजकर उनकी घोषणा की याद दिलाई।
रविवार को ज्ञापन भेजने पहुंचे लोगों ने कहा कि पूर्व में लैंसडौन से नैनीताल के लिए प्रात:कालीन बस सेवा का संचालन हो रहा था। इसे सात साल पहले बंद कर दिया गया था। तब से लोगों के सामने दिक्कतें आ रही हैं। तीन वर्ष पूर्व तत्कालीन मुख्यमंत्री हरीश रावत तथा उसके बाद एक साल पहले भाजपा के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह ने लैंसडौन क्षेत्र के लोगों की वर्षों पुरानी मांग पर लैंसडौन से कोटद्वार के लिए प्रात:कालीन बस सेवा चालू करने की घोषणा की थी, पर दोनों मुख्यमंत्रियों की घोषणाएं हवाई साबित हो रही है। सुबह की बस सेवा के न होने से लोगों को दो तीन घंटे तक वाहनों का इंतजार करना पड़ता है। इससे समय व धन की बर्बादी होती है। लोगों ने कोटद्वार से लैंसडौन के लिए सायं 5 बजे रोडवेज की बस सेवा चालू करने की मांग की है। कहा कि सायं कोटद्वार से लैंसडौन आने के लिए यात्रियों को वाहन की 1200 से 1400 रुपये की बुकिंग करा कर आना पड़ता है। पत्र भेजने वालों में सुरेंद्र सिंह, कल्याण सिंह, राजेंद्र सिंह, सक्षम कुमार, हितेश शर्मा, नरेश सिंह रावत व महेंद्र सिंह आदि मौजूद थे।