लैंसडौन। देश की आन, बान और शान की रक्षा का जज्बा लिए हुए गढ़वाल राइफल्स के 218 रिक्रूट पासिंग आउट परेड के बाद भारतीय थल सेना के अभिन्न अंग बन गए। बतौर पुनरीक्षण अधिकारी मेजर जनरल अजय सेठ ने परेड की सलामी लेते हुए रिक्रूटों को देश रक्षा की शपथ दिलाई।
शनिवार को गढ़वाल राइफल्स के हेडक्वार्टर लैंसडौन के परेड ग्राउंड में कोर्स संख्या 84 के रिक्रूटों की पासिंग पाउट परेड आयोजित की गई। इसमें आर्मी बैंड की ‘कदम कदम बढ़ाए जा खुशी के गीत गाए जा, ये जिंदगी है कौम की तू कौम पर लुटाए जा...’ की मधुर धुन पर कदम से कदम मिलाते हुए 218 रिक्रूटों ने शानदार परेड का प्रदर्शन किया। परेड का नेतृत्व गौरव पंवार कर रहे थे। परेड की चार टुकड़ियों का नेतृत्व कुलदीप सिंह, दीपक सिंह, परवेश पाल सिंह व संतोष सिंह कर रहे थे। बड़ी संख्या में रिक्रूटों के परिजनों ने तालियां बजाकर उनका हौसला बढ़ाया।
विशिष्ट सेवा मेडल से अलंकृत पुनरीक्षण अधिकारी मेजर जनरल अजय सेठ ने परेड का निरीक्षण किया और सलामी ली। उन्होंने रिक्रटों से कहा कि गढ़वाली वीरों का नाम अदम्य साहस, रेजीमेंट की शौर्य गाथाओं के लिए स्मरण किया जाता है। देश की आन-बान-शान की उच्च परंपराओं को निभाने में चाहे उन्हें अपने प्राणों की भी कुर्बानी क्यों न देनी पड़े, इसके लिए वे पीछे नहीं हटेंगे।
इसके बाद सूबेदार भूपेंद्र सिंह के नेतृत्व में नायब सूबेदार राहुल रोडियाल, नायब सूबेदार अंकुश सिंह, सीएचएम ध्यान सिंह, सीएचएम बीजेंद्र कुमार की राष्ट्रीय ध्वज टोली के समक्ष रिक्रूटों ने धर्म ग्रंथ पर हाथ रख कर देश व तिरंगे का मान रखने का संकल्प लिया। धर्म गुरु विजय प्रसाद ने प्रत्येक रिक्रूट का हाथ धर्मग्रंथ पर रखवा कर उनसे राष्ट्रीय ध्वज की रक्षा करने का संकल्प दिलाया।
अव्वल प्रदर्शन करने वाले रिक्रूट हुए सम्मानित
लैंसडौन। 34 सप्ताह के कठिन प्रशिक्षण के दौरान विभिन्न क्रियाकलापों में अग्रणी रहे रिक्रटों को पुनरीक्षण अधिकारी मेजर जनरल अजय सेठ ने पदक प्रदान का सम्मानित किया। ओवर आल प्रदर्शन के लिए हिमांशु चौहान को स्वर्ण पदक, शिवम कंडारी को रजत, अंकित रावत को कांस्य पदक दिया गया। ड्रिल में सर्वोत्तम के लिए गौरव कुमार, फायरिंग में प्रदीप कुमार, शारीरिक में परवेश पाल सिंह को पदक प्रदान किए गए। उत्तम प्रशिक्षक के लिए हवलदार धीरेंद्र सिंह ई कंपनी, सर्वश्रेष्ठ प्लाटून कमांडर का खिताब सूबेदार नंद किशोर ई कंपनी को प्रदान किया गया। चैंपियनशिप बैनर सूबेदार शरत सिंह ई कंपनी ने ग्रहण किया।
-फोटो