कोटद्वार। आंचल दुग्ध संघ की ओर से कोटद्वार भाबर के पशुपालकों को बीमार गायें दिए जाने के मामले में पूर्व स्वास्थ्य मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी ने रोष प्रकट करते हुए प्रदेश सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया। उन्होंने मामले की उच्चस्तरीय जांच किए जाने और पशुपालकों को दी गई गायों को तत्काल वापस लेते हुए पशुपालकों को राहत दिए जाने की मांग की है।
पूर्व काबीना मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी ने जारी विज्ञप्ति में कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा काश्तकारों को दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए दी गई गायें पूरी तरह से बीमार हैं। वे खुरपका एवं थनैला जैसे गंभीर रोग से ग्रसित हैं। सरकारी योजना के तहत दुग्ध संघ द्वारा काश्तकारों को 20 किलो दूध दिए जाने का भरोसा देकर बीमार गायें दिए जाने से काश्तकारों के साथ धोखा हुआ है।
पूर्व मंत्री ने कहा कि विगत दिनों भाबर क्षेत्र की पीड़ित संतोषी देवी, पुष्पा देवी, कमला देवी व प्रमिला देवी सहित कई काश्तकारों के प्रतिनिधिमंडल ने उनसे मुलाकात कर आंचल दुग्ध संघ द्वारा धोखाधड़ी किए जाने की बात कही थी। उन्होंने दो अगस्त को अपर सचिव दुग्ध संघ मेहरबान सिंह बिष्ट, डायरेक्टर संजय कुमार और ज्वाइन डायरेक्टर से बात करते हुए काश्तकारों की समस्या को बताया था। उच्चाधिकारियों के आदेेश पर तीन अगस्त को कोटद्वार क्षेत्र में मौका मुआयना करने आए सहायक निदेशक डेयरी विकास लीलाधर सागर ने भाबर क्षेत्र में जाकर काश्तकारों की गोशालाओं में जाकर गायों का निरीक्षण कर गायों को बीमार पाया।