बेमौसम बारिश धान की फसल पर कहर बनकर टूटी। शुक्रवार तड़के तेज हवाओं के साथ हुई बारिश से धान की फसल बिछ गई है। ऐसे में धान का दाना काला पड़ने की आशंका है। दूसरी तरफ बारिश से मौसम बदल गया। शहर में कूलर और पंखे तक बंद हो गए।
मौसम लगातार करवट बदल रहा है। बृहस्पतिवार रात से काले बादल छा गए थे। शुक्रवार तड़के झमाझम बारिश हुई और सुबह तक बूंदाबांदी चलते रही। इससे तापमान में गिरावट दर्ज हुई है। न्यूनतम तापमान 22 और अधिकतम 26 डिग्री सेल्सियस पर आ गया। देहात क्षेत्र में सुबह तेज बारिश के साथ हवा चली। खेतों में धान की पकी फसल खड़ी है। किसान कई जगहों पर कटाई शुरू कर चुके हैं और कई जगहों पर तैयारी में लगे हैं। लेकिन हवा से फसल टूटकर खेतों में गिर गई।
कटारपुर, चांदपुर, बिशनपुर पुरानी कुंडी, रानीमाजरा, फेरूपुर, शाहपुर, बादशाहपुर, नसीरपुर कलां, शेरपुर, भट्टीपुर, भुवापुर चमरावल, टिकौला, धारीवाला, हरसीवाला, शिवगढ़, फूलगढ़, गोविंदगढ़ आदि स्थानों पर हवा से धान की फसल को नुकसान हुआ है। किसान नीशू सैनी, रविंद्र सैनी, अक्षय कुमार, बिजेंद्र सिंह ने बताया कि बारिश से कटी फसल भीग गई, जबकि खड़ी फसल टूटकर खेतों में ही गिर गई। इससे धान का दाना काला पड़ने की आशंका बनी है। दाना काला पड़ने और नमी आने से किसानों को औने-पौने दाम पर बेचना पड़ेगा। किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ता है।
कृषि विभाग के एसडीओ बीर सिंह का कहना है कि पथरी क्षेत्र में कई स्थानों पर बारिश और हवा से धान की पकी फसल गिरने की जानकारी मिली है। मौके पर जाकर नुकसान का आकलन किया जाएगा।