हरिद्वार। समझौता बैठक में युवती के जहर गटक लेने के मामले में पुलिस ने स्कूल स्वामी, उसके बेटों, प्रबंधिका और दो अन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर ही लिया।
17 मई को रानीपुर क्षेत्र के एक गांव की एक युवती ने समझौता बैठक में जहर खाकर जान देने की कोशिश की थी। युवती की बहन ने पुलिस तो दी तहरीर में बताया था कि वर्ष 2014 में बीआर अंबेडकर इंटर कालेज के स्वामी रमेश सिंह ने उसकी छोटी बहन को कनिष्ठ लिपिक के पद पर नौकरी देने की बात कही थी। आरोप है कि स्कूल स्वामी, उसके बेटे अमित कुमार व संजय उसका शारीरिक शोषण करते रहे। वो कई बार उनके साथ देहरादून में सचिवालय भी गई। इसी बीच उसकी बहन की नौकरी के नाम पर चार लाख रुपये ले लिए और उसकी बहन को नियुक्ति पत्र देकर अस्थायी तौर पर नौकरी भी दे दी। आरोप है कि जब उसकी बहन की नौकरी स्थायी नहीं हुई तब उन्होंने उसका विरोध किया। कई बार कहने पर उसकी बहन की स्थायी नौकरी नहीं लगी। हर बार उसे जल्द स्थायी नौकरी मिलने का झांसा देते रहे और आखिर में पैसा मांगने पर हत्या की धमकी दी जाने लगी। 17 मई को गांव गढ़मीरपुर में बुलाई गई समझौता बैठक में उसे आत्महत्या के लिए मजबूर कर दिया। तब उसने जहरीले पदार्थ खाकर जान देनी चाही। चौकी प्रभारी प्रदीप मिश्रा ने बताया कि स्कूल स्वामी, उसके दो बेटों, उसकी भाभी प्रबंधिका रेखा पर बैठक में दबाव बनाने के आरोप में मदन सिंह निवासी गांव गढ़, मुनीष अली निवासी गांव जगजीतपुर के खिलाफ छेड़छाड़, धोखाधड़ी और हत्या की धमकी देने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर लिया है। उन्होंने बताया कि आरोपियों की जल्द ही गिरफ्तारी की जाएगी।