अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
टिहरी में तैनात ऊर्जा निगम के अधिशासी अभियंता की पत्नी होने का दावा करने वाली एनआरआई महिला खुद अब कानूनी फंदे में फंस गई हैं। एनआरआई महिला पर ईई के अभिभावकों और महिला किराएदार को घर में बंधक बनाने का आरोप है। ईई की भाभी की शिकायत पर ज्वालापुर पुलिस ने एनआरआई महिला के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
कुछ दिन पहले ही ज्वालापुर पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर योगी विहार कालोनी निवासी अधिशासी अभियंता राकेश कुमार के घर एनआरआई महिला को एक कमरे में कब्जा दिलाया था। स्वीडन की रहने वाली महिला ने खुद को अधिशासी अभियंता की पत्नी होने का दावा किया था।
योगी विहार स्थित घर में ईई के पिता किशन लाल, मां बसंती देवी, भाई अशोक, भाभी अंजू और एक किराएदार परिवार रहता है। रविवार को भाभी अंजू ने पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी कि एनआरआई महिला ने उसके सास, ससुर और किराएदार महिला को बंधक बना लिया है। सूचना मिलने पर एसएसआई संजीव थपलियाल मौके पर पहुंचे थे और जैसे- तैसे दरवाजा खुलवाकर बंधक बनाए गए बुजुर्ग दंपति और किराएदार को मुक्त कराया था।
कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि महिला अंजू की शिकायत पर एनआरआई महिला वर्षा राजपूत के खिलाफ बंधक बनाने के आरोप में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।