ब्यूरो/अमर उजाला, पथरी
नदियों के किनारे स्थित खेतों में समतलीकरण के नाम पर खनन कराना किसानों को भारी पड़ गया है। प्रशासन ने इस समतलीकरण को अवैध करार देते हुए निर्धारित रायल्टी पर पांच गुना का आकलन जुर्माना लगाते हुए किसानों को आरसी जारी कर दी है। कई किसान ऐसे हैं जिनकी आरसी उनकी जमीन की कीमत से भी ज्यादा की कटी है। आरसी जारी होने के बाद किसानों में हड़कंप मचा हुआ है।
दरअसल हरिद्वार क्षेत्र में फेरूपुर, चांदपुर, कटारपुर, रानीमाजरा, बिशनपुर कुंडी, पुरानी कुंडी, नई कुंडी, शेरपुर, शाहपुर बादशाहपुर, भुवापुर चमरावल, धारीवाला, हरसीवाला, टिकौला, भोगपुर, टांडा भागमल, टांडा मझादा, फतवा, बाड़ीटीप, तिलकपुरी समेत बीस गांवों के लोगों के खेत गंगा व बाण गंगा किनारे हैं। इन गांवों के किसानों ने शुरू में खेती की भूमि में अवैध रूप से खनन करवाया। कुछ किसानों ने समतलीकरण के नाम पर खेतों से मिट्ठी उठाई तो खेतों में बड़े-बड़े गड्ढे बन गए। शिकायत डीएम दीपक रावत तक पहुंची तो उन्होंने इन स्थानों पर अलग-अलग टीम भेजकर खनन से बने गड्ढों की फोटो एवं वीडियोग्राफी के साथ ही पैमाइश कराई। जांच के बाद प्रशासन ने समतलीकरण के इस काम को अवैध खनन करार दिया। इसके बाद भूमि पर अवैध खनन करने व करवाने पर किसानों पर जुर्माना लगाकर नोटिस जारी किया गया। किसानों पर ये जुर्माना राशि पांच लाख से करोड़ों रुपये तक पहुंच गई। अब नोटिस के बाद भी जुर्माना राशि जमा नहीं करने पर किसानों की आरसी जारी की गई है। आरसी मिलने पर किसानों में हड़कंप मचा हुआ है। तहसीलदार सुनैना राणा ने इसकी पुष्टि की है।
अवैध खनन के नाम पर उत्पीड़न का आरोप
पथरी। गांव धारीवाला में फेरुपुर, चांदपुर, कटारपुर, रानीमाजरा, बिशनपुर कुंडी, पुरानी कुंडी, नई कुंडी, शेरपुर, शाहपुर बादशाहपुर, भुवापुर चमरावल, धारीवाला, हरसीवाला, टिकौला, भोगपुर, टांडा भागमल, टांडा मझादा, फतवा, बाड़ीटीप, तिलकपुरी आदि गांव के किसानों की बैठक हुई। इसमें किसानों ने अवैध खनन के नाम पर तहसील प्रशासन पर उत्पीड़नात्मक कार्रवाई करने का आरोप लगाया है। किसानों ने चेताया है कि अगर जल्द ही उनका उत्पीड़न नहीं रोका गया तो वह आगामी लोकसभा चुनाव का बहिष्कार करने पर मजबूर होंगे। दूसरी ओर किसानों ने इस मामले में क्षेत्रीय विधायक, सांसद, मुख्यमंत्री व प्रधानमंत्री को पत्र लिखा है। बैठक में किसानों ने तहसील प्रशासन पर अवैध खनन के नाम पर गलत तरीके से जुर्माना करने और आरसी काटने का आरोप लगाया है। बैठक में ऋषिपाल, लखविंदर, अशोक, सत्यवीर, प्रमोद, सुनील, सतीश, मनोज, रमेश, रामपाल, संदीप, शिव कुमार आदि शामिल थे। हरिद्वार ग्रामीण विधायक स्वामी यतीश्वरानंद का कहना है कि अवैध खनन के नाम पर गलत तरीके से जुर्माना व आरसी जारी करने के मामले में किसी भी किसान का उत्पीड़न नहीं होने दिया जाएगा।