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प्रदेश में फर्जी प्रमाण पत्र बनवार हासिल की शिक्षक की नौकरी

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अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
धोखाधड़ी से यूपी निवासी के उत्तराखंड में शिक्षक की सरकारी नौकरी हासिल करने पर जिलाधिकारी से जांच कराने की मांग की गई है। खास बात यह है कि नौकरी करने वाला व्यक्ति का उत्तराखंड के साथ यूपी के सहारनपुर में भी मतदाता सूची मे नाम दर्ज है।
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बहादराबाद निवासी आशीष सैनी तथा सहारनपुर निवासी तेजपाल ने जिलाधिकारी को पत्र देकर आरोप लगाया है कि नरेंद्र कुमार उर्फ सोनू पुत्र सुरेंद्र कुमार निवासी ग्राम खुशहालीपुर कलां, ब्लॉक मुज्जफराबाद, तहसील बेहट, जिला सहारनपुर उत्तर प्रदेश का स्थायी निवासी है। उसका नाम वर्ष 1999 की मतदाता सूची में अनुक्रमांक 158 पर सोनू दर्ज है। वर्ष 2005 की मतदाता सूची मे क्रम संख्या 1151 पर सोनू पुत्र सुरेंद्र व वर्ष 2009 की मतदाता सूची में क्रम संख्या 1473 सोनू पुत्र सुरेंद्र तथा वर्ष 2015 की मतदाता सूची मे क्रम संख्या 157 नरेंद्र पुत्र सुरेंद्र तथा वर्ष 2015 में ही क्रम संख्या 1460 पर सोनू पुत्र सुरेंद्र दर्ज है। इतना ही नहीं उसका नाम परिवार रजिस्टर में भी ग्राम खुशहालीपुर में दर्ज है। वर्ष 2015 में ग्राम पंचायत के निर्वाचन पत्र में ग्राम प्रधान के लिए उम्मीदवार गीता देवी पत्नी राजकुमार का प्रस्तावक का नाम नरेंद्र पुत्र सुरेंद्र सिंह मतदाता क्रम 157 वार्ड संख्या एक में अंकित है। पत्र में आरोप लगाया गया है कि नरेंद्र कुमार उर्फ सोनू की ओर से भगवानपुर में साजिश कर फर्जी तरीके से स्थायी निवास प्रमाणपत्र बनवाकर उसके आधार पर उत्तराखंड में राजकीय विद्यालय खेड़ी शिकोहपुर तहसील भगवानपुर जनपद हरिद्वार मे 2009 में अध्यापक की नौकरी प्राप्त कर ली है। पत्र में आरोप लगाया गया है कि नरेंद्र कुमार उर्फ सोनू ने धोखाधड़ी से उत्तराखंड में नौकरी प्राप्त की है। इसलिए इस संबंध में पूरे मामले की जांच कराकर इनके खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा के तहत कानूनी कार्रवाई की जाए।
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