- हरिद्वार में पूरे माह चलने वाली कांवड़ यात्रा के लिए प्रशासनिक स्तर से की जा रही हैं तैयारियां
- पश्चिमी उत्तर प्रदेश और हरियाणा से पहुंचे कांवड़ यात्रियों के समूह में ट्रैक्टर ट्रॉली और हुक्का साथ में
हरिद्वार। आधिकारिक रूप से कांवड़ यात्रा 30 जुलाई से शुरू होगी। हालांकि जून के अंत से ही श्रद्धालु धर्म नगरी हरिद्वार पहुंचने लगे हैं। शहर में जगह-जगह कांवड़ यात्रियों ने समूह बनाकर डेरा डालना शुरू कर दिया है। इनमें अधिकांश कांवड़ यात्री हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश से पहुंच रहे हैं। कांवड़ यात्रियों का समूह अपने साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली में खाने का सामान और हुक्का लेकर पहुंच रहे हैं। मेरठ जनपद के दौराला क्षेत्र के गांव ललितपुर से आकाश और सागर हरिद्वार पहुंचे हैं। वे हरकी पैड़ी से करीब 600 लीटर गंगाजल लेकर अपने गंतव्य की ओर प्रस्थान कर रहे हैं। प्रेम नगर फ्लाईओवर के नीचे विश्राम के दौरान आकाश और सागर ने अपनी कांवड़ के बारे में बताया। उनकी कांवड़ में लगभग 600 लीटर गंगाजल भरा है। उन्होंने यह भी बताया कि भोले बाबा ने उनकी मन्नत पूरी की है। इसलिए वे इतना भारी कांवड़ ले जा रहे हैं।