चंपावत। जिले की बाराकोट-कोठेरा सड़क मार्ग की बदहाली को लेकर ग्रामीण परेशान है। लंबे समय से डामरीकरण नहीं होने की वजह से खस्ताहाल सड़क के कारण आवाजाही में ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि बाराकोट से कोठेरा करीब चार किमी सड़क इतनी बदहाल है कि दोपहिया के साथ चार पहिया वाहन चलाना आसान नहीं होता है। बाराकोट से कोठेरा तक लगभग नौ किलोमीटर की सड़क है। कोठेरा तक पांच किलोमीटर सड़क पर डामरीकरण हो गया है। बाराकोट से मयू तक डामरीकरण होना है। सड़क पर डामरीकरण होने के बाद लगभग 1200 की आबादी को सीधा लाभ मिलेगा। मयू, पटयूड़ा, कोठेरा, घरगढ़ी आदि क्षेत्रों की आबादी के लिए यह सड़क लाइफ लाइन का काम करती है।
लोनिवि के अवर अभियंता दीपक दताल ने बताया कि बाराकोट कोठेरा सड़क पर डामरीकरण का टेंडर प्रक्रिया पूरी हो गयी है। 23 दिन में इसमें काम शुरू हो जाएगा। बाराकोट-कोठेरा सड़क में 2.50 करोड़ की लागत से डामरीकरण किया जाएगा।