चंपावत। जिला मुख्यालय के नागनाथ मंदिर में श्रीमद्भागवत कथा का समापन हो गया है। बृहस्पतिवार को सातवें दिन श्रीमद्भागवत कथा में व्यास प्रकाश कृष्ण शास्त्री ने भगवान कृष्ण और सुदामा के मिलन का वर्णन किया। बताया कि सुदामा एक गरीब ब्राह्मण थे जो भगवान कृष्ण के साथ पढ़ते थे। वह दोनों अच्छे मित्र थे और एक दूसरे के साथ खेलते थे। जब भगवान कृष्ण राजा बन गए तो सुदामा उनसे मिलने गए। भगवान कृष्ण ने अपने मित्र का स्वागत किया और उन्हें अपने महल में रखा। सुदामा ने भगवान कृष्ण से कुछ नहीं मांगा लेकिन कृष्ण ने उन्हें बिना कहे सब कुछ दे दिया। इससे पूर्व पुरोहित अनिल जोशी ने सुबह आठ से 11 बजे तक पूजा-अर्चना कराई। मंदिर समिति अध्यक्ष कमलेश राय ने बताया कि शुक्रवार की सुबह मंदिर में पूजा-अर्चना की जाएगी और दोपहर में भंडारे के साथ कथा का समापन होगा। इस दौरान सौरभ साह, मुक्तेश पचौली, सुधीर साह, कमल बिष्ट, भगवत शरण राय, अशोक वर्मा, विकास साह, देवी लाल वर्मा, भानु तड़ागी आदि मौजूद रहे। संवाद