चंपावत। जिला अस्पताल में बिजली नहीं होने से मरीजों को घंटों इंतजार के बाद भी उपचार नहीं मिल पाया। बिजली की समस्या के चलते एक बच्चे को हायर सेंटर रेफर करना पड़ा। इसके अलावा कई मरीजों को बिना इलाज अस्पताल से वापस जाना पड़ा। मरीजों के एक्सरे, अल्ट्रासाउंड, डायलिसिस और इसीजी जैसे उपचार नहीं हो पाए।
बुधवार को जिला अस्पताल में बिजली व्यवस्था सही नहीं हो से मरीजों को घंटो इंतजार करना पड़ा। मुख्यमंत्री की विधानसभा में मरीजों को सही उपचार नहीं पा रहा है। पिछले कुछ दिनों से बिजली की समस्या आ रही है। सुबह नौ बजे से मरीजों को बिजली का इंतजार करना पड़ा पर उपचार नहीं हो पाया। लोगों का कहना है कि इतने बड़े अस्पताल में व्यवस्थाएं सही नहीं होने से मरीजों को आए दिन दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
पांच माह के बच्चे को करना पड़ा रेफर
चंपावत। मादली निवासी पांच माह के छोटे बच्चे ओजस को सुबह नौ बजे से घंटों इंतजार कराया गया। इसके बाद भी बच्चे को उपचार नहीं मिल पाया और परिजनों को मायूस होना पड़ा। बाद में बच्चे को हायर सेंटर रेफर किया गया। संवाद
कोट
मुख्यमंत्री की विधानसभा में मरीजों को उपचार नहीं मिल पा रहा है। पिछले कुछ दिनों से बिजली की समस्या से व्यवस्थाएं बदहाल हैं। - विवेक जोशी, सामाजिक कार्यकता, चंपावत।
अस्पताल के एक फेस में बिजली का करंट नहीं होने दिक्कत आ रही है। बिजली विभाग को जानकारी दे दी है। जनरेटर भी बिजली का लोड नहीं उठा पा रहा है। इस वजह से दिक्कतें आ रही है। - डॉ. पीएस खोलिया, पीएमएस, जिला अस्पताल, चंपावत।
जिला अस्पताल की इंटरनल वायरिंग 150 किलोवाट का लोड को उठाने में सक्षम नहीं है। इस वजह से बिजली आपूर्ति नहीं हो पा रही है। - वेग प्रकाश सिंह, ईई, उर्जा निगम, चंपावत।