चंपावत। जिले में छात्र-छात्राओं के बेहतर शैक्षिक विकास के लिए चयनित अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेजों में प्रधानाचार्यों, प्रवक्ताओं, सहायक अध्यापकों के अधिकतर पद खाली होने के कारण परेशानी हो रही है। जिले में आठ जीआईसी और जीजीआईसी अटल उत्कृष्ट विद्यालयों के रूप में चयनित हैं जहां सीबीएसई की ओर से पहली बार हाईस्कूल, इंटर की परीक्षाएं होंगी लेकिन आठ अटल उत्कृष्ट विद्यालयों में से केवल दो विद्यालयों में ही स्थायी प्रधानाचार्यों की तैनाती है।
छह विद्यालयों का संचालन प्रभारी प्रधानाचार्य के सहारे किया जा रहा है। जीजीआईसी टनकपुर और जीआईसी बाराकोट में ही स्थायी प्रधानाचार्य तैनात हैं जबकि जीआईसी चंपावत, पुलहिंडोला, जीजीआईसी लोहाघाट, जीआईसी चौमेल, पाटी, चौड़ामेहता में प्रधानाचार्य का पद खाली है। प्रवक्ता, सहायक अध्यापकों के भी 44 पद खाली होने से विद्यालयों में पढ़ाई प्रभावित हो रही है। इन विद्यालयों में प्रवक्ता, सहायक अध्यापकों के स्वीकृत 148 पदों के सापेक्ष 104 पदों पर ही शिक्षकों की तैनाती हुई है।
सीबीएसई के तहत पंजीकृत छात्र-छात्राओं की संख्या
विद्यालय का नाम कक्षा 9 कक्षा 10 कक्षा 11 कक्षा 12 कुल
जीजीआईसी टनकपुर 178 168 142 199 687
जीआईसी चौमेल 96 46 54 49 245
जीजीआईसी लोहाघाट 59 76 104 97 336
जीआईसी पाटी 46 47 109 122 324
जीआईसी चंपावत 45 26 160 168 399
जीआईसी चौड़ामेहता 43 52 54 68 217
जीआईसी पुलहिंडोला 36 42 64 50 192
जीआईसी बाराकोट 22 07 57 39 125
इतिहास और संगीत विषय में एक भी प्रवक्ता नहीं
चंपावत। जिले में संचालित आठ अटल उत्कृष्ट विद्यालयों में संगीत और इतिहास विषय में एक भी प्रवक्ता तैनात नहीं है। सीबीएसई से संबद्ध आठ विद्यालयों में ढाई हजार से अधिक विद्यार्थी अध्ययनरत हैं।
अटल उत्कृष्ट विद्यालयों में स्थायी प्रधानाचार्यों की तैनाती के साथ ही प्रवक्ता और सहायक अध्यापकों के खाली पदों पर नियुक्ति के लिए निदेशालय स्तर पर लगातार पत्राचार किया जा रहा है। - जितेंद्र सक्सेना, सीईओ, चंपावत।