अमर उजाला ब्यूरो, चंपावत। दुग्ध संघ के उत्पादकों को पशु खरीदने के लिए अब दुग्ध समितियों के माध्यम से नहीं, बल्कि सीधे बैंक से कर्ज मिलेगा।
उत्तराखंड सहकारिता विभाग की ओर से नए दिशा-निर्देश लागू किए गए हैं। पहले एनसीडीसी (राष्ट्रीय सहकारिता विकास निगम) के जरिए भी दुग्ध उत्पादकों को ऋण दे रहा है। अलबत्ता दुग्ध समितियां इस काम में उत्पादकों की मदद जरूर करेंगी। एनसीडीसी की ओर से दुग्ध संघ की समितियों से जुड़े सदस्यों के लिए दुधारू पशुओं की खरीद योजना शुरू की गई है। दुग्ध संघ प्रबंधक राजेश मेहता ने बताया कि एनसीडीसी की इस योजना में तीन दुधारू जानवरों के लिए 2.46 लाख और पांच जानवरों के लिए 4.10 लाख रुपये दिए जा रहे हैं। इसमें योजना के प्रत्येक लाभार्थी को 25 प्रतिशत अनुदान दिया जाएगा। फिलहाल इस योजना का लाभ 275 लोगों को दिया जा रहा है। इस योजना के लिए पहले दुग्ध संघ की समितियों के जरिए ऋण दिया जाना था। मगर सहकारिता विभाग ने इसमें बदलाव किया है।
सहकारी समितियों के निबंधक बीएम मिश्र द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि अब जिला सहकारी बैंक से इस योजना का लाभ लेने वाले दुग्ध उत्पादक ऋण के लिए सीधे आवेदन करेंगे। अलबत्ता दुग्ध संघ की समितियां इस काम में उत्पादक की मदद करेंगी।