टनकपुर (चंपावत)। रूरल एनवायरनमेंटल एंड एजुकेशनल डेवलपमेंट सोसायटी (रीड्स) संस्था और पुलिस टीम ने बैठक कर महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े कानूनों की जानकारी दी और मानव तस्करी के बारे में भी जागरूक किया।
एसएसआई बीएस बिष्ट ने कहा कि महिलाओं को किसी भी अपरिचित व्यक्ति के बहकावे में नहीं आना चाहिए। कहा कि अंतरराष्ट्रीय सीमा से जुड़े होने के कारण हम सबकी जिम्मेदारी है कि किसी महिला या बेटी के साथ गलत हो तो तुरंत पुलिस को सूचना दें। तीलू रौतेली पुरस्कार प्राप्त पूर्व जिपं सदस्य उर्मिला चंद ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा के लिए कठोर कानून बने हैं लेकिन महिलाओं को खुद भी जागरूक होना होगा।
महिला बाल विकास विभाग की मुख्यसेविका गीता राजपूत ने सरकार की ओर से महिलाओं के उत्थान हेतु चलाई जा रही योजनाओं की जानकारी दी। रीड्स कार्यकर्ता अर्चना लोहनी ने बताया कि पड़ोसी देश नेपाल को भी देह व्यापार का प्रमुख केंद्र माना गया है। जिस कारण इस सीमा से मानव तस्करी की संभावना बनी रहती है। बैठक में एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग सेल की इंचार्ज लता बिष्ट, पीएलवी कार्यकर्ता अजय गुरुरानी, संस्था के पूर्व अध्यक्ष कैलाश चंद्र लोहनी, सामाजसेवी गिरीश खर्कवाल, नमिता जोशी, बसंती चंद, चंचला कांडपाल, खीम चंद, सोनी, बसंती आदि मौजूद थे।