लोहाघाट (चंपावत)। उप जिला अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों की भारी कमी है। इस कारण रोगियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शासन की ओर से डीडीहाट के हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. अमरीश कुमार का स्थानांतरण लोहाघाट किया गया है। आदेश जारी होने के एक सप्ताह से अधिक समय बाद भी उन्होंने यहां ज्वाइनिंग नहीं ली है।
अस्पताल में स्वीकृत 21 पदों के सापेक्ष रेडियोलॉजिस्ट डॉ. सोनाली मल्होत्रा समेत 14 डॉक्टर सेवारत हैं। खाली पदों में स्त्री रोग विशेषज्ञ, फिजीशियन, हड्डी रोग विशेषज्ञ, ईएनटी सर्जन, पैथोलॉजिस्ट शामिल हैं। इस कारण रोगियों को इलाज के लिए खटीमा, हल्द्वानी, बरेली जाना पड़ता है जिस कारण उन्हें काफी परेशानी होती है। गरीब रोगियों पर आर्थिक बोझ पड़ता है।
अस्पताल में रोगियों को भर्ती करने के लिए दो वार्ड हैं जिनमें 16 बेड लगे हैं। अस्पताल के पुराने भवनों में ओपीडी के लिए भी पर्याप्त कमरे नहीं हैं। कामचलाऊ व्यवस्था के तहत ओपीडी संचालित कर रोगियों का उपचार किया जा रहा है।
ट्रामा सेंटर को बनाया टीकाकरण केंद्र
लोहाघाट (चंपावत)। उप जिला अस्पताल में करीब डेढ़ वर्ष पहले आईसीयू का शुभारंभ हुआ था लेकिन इसके संचालन के लिए स्टाफ की तैनाती नहीं हो सकी। इस कारण इसका संचालन नहीं हो सका है। अस्पताल में बने ट्रामा सेंटर के भवन में ओपीडी और गर्भवतियों का टीकाकरण केंद्र बनाया गया है।
उप जिला अस्पताल में विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी के कारण इलाज में काफी दिक्कतें आ रहीं हैं। विशेषज्ञ डॉक्टरों की तैनाती के लिए उच्चाधिकारियों को कई पत्र भेजे गए हैं। डीडीहाट से हड्डी रोग विशेषज्ञ को लोहाघाट भेजा गया था लेकिन उन्होंने कार्यभार ग्रहण नहीं किया है। - डॉ. जुनैद कमर, चिकित्साधीक्षक, लोहाघाट।