- टनकपुर में दस दिनी सरस आजीविका मेला शुरू, सीएम ने किया उद्घाटन
-ग्रामीण उद्यम वेग वृद्धि परियोजना से समूहों की व्यवसायिक गतिविधि बढ़ेगी
संवाद न्यूज एजेंसी
टनकपुर (चंपावत)। नगर के रावत फार्म में 28 मार्च तक चलने वाले सरस आजीविका मेला रविवार से शुरू हो गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कुमाऊंनी संस्कृति की झलक के बीच मेले का विधिवत उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि सरस आजीविका मेला अपने-आप में विशिष्ट मेला है। इसका स्वरूप जहां एक ओर मेले जैसा है वहीं यह व्यापारिक और स्वरोजगार के क्षेत्र में कार्य कर रहे युवाओं और महिलाओं को मंच भी देगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नागरिकों की आत्मनिर्भरता से ही देश और प्रदेश विकास में आगे बढ़ेगा। गैरसैंण का बजट हर वर्ग के उत्थान का बजट है। सरस मेलों के आयोजनों से प्रधानमंत्री के आत्मनिर्भर भारत के मंत्र को मजबूती मिल रही है। मेले से ग्रामीण उत्पादों को देश में ही नहीं विदेशों में पहचान मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह मेला हमारी एकता व संस्कृति के संरक्षण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। व्यापारियों, कलाकारों, कारीगरों के बीच अनुभवों के आदान-प्रदान में सहायता मिलेगी। उत्तराखंड में समूहों के माध्यम से महिला सशक्तिकरण, कौशल विकास एवं आजीविका संवर्धन के क्षेत्र में महिलाओं को प्रोत्साहित किया जा रहा है।
मेले में लगे राज्य के 100 से अधिक महिला समूहों के स्टाल और विपणन कौशल सरकार की योजनाओं का सुखद परिणाम है। स्वयं सहायता समूहों की व्यवसायिक गतिविधि, आर्थिक सशक्तता बढ़ाने व उन्हें स्थायित्व प्रदान करने के लिए राज्य के जिलों के 95 विकासखंड में ग्रामीण उद्यम वेग वृद्धि परियोजना शुरू की गई है। राज्य में 4 लाख 22 हजार परिवारों को संगठित कर 56 हजार 362 समूह, 5 हजार 718 ग्राम संगठन तैयार किए गए हैं जिन्हें व्यवसायिक गतिविधियों से जोड़ने को 350 पंजीकृत सहकारिताओं का गठन किया गया है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के कुशल नेतृत्व में आज वैश्विक पटल पर हमारा देश विश्व को नई दिशा दिखाने का काम कर रहा है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व से आज उत्तराखंड को जी-20 की तीन बैठकें आयोजित करने का मौका मिला है। पहली तीन दिवसीय बैठक 28 मार्च से रामनगर में होनी है। प्रधानमंत्री मोदी के अनुरोध पर संयुक्त राष्ट्र संघ ने 2023 को मीलेट वर्ष की संज्ञा दी है जो हमारे लिए गर्व की बात है कि मीलेट यानि मोटा अनाज जैसे मंडवा, झींगुरा आदि उत्तराखंड की पारंपरिक खेती है। उन्होंने कहा कि लखपति दीदी योजना के सर्वे में उत्तराखंड को प्रथम स्थान मिला है। मंदिर माला मिशन के तहत सभी मंदिरों का विकास एवं विस्तार किया जा रहा है। कहा कि प्रधानमंत्री के वोकल फॉर लोकल के नारे को धरातल पर उतारे का प्रयास किया जा रहा है।
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मेले में लगे समूहों के उत्पादों की सीएम ने की प्रशंसा टनकपुर (चंपावत)। सीएम पुष्कर सिंह धामी ने बाल विकास एवं जिले की प्रभारी मंत्री रेखा आर्या के साथ सरस आजीविका में लगे स्टालों में जाकर स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों को देखा। उन्होंने समूहों के उत्पादों की प्रशंसा की। कहा कि स्टालों में लगे उत्पाद न सिर्फ बेहतर और अच्छी गुणवत्ता के हैं बल्कि समूहों के माध्यम से आत्मनिर्भरता के लिए शुभ संकेत भी हैं। इस दौरान समूहों ने मुख्यमंत्री को अपने उत्पाद की खूबियां गिनाते हुए उन्हें उत्पाद भी भेंट किए।