लोहाघाट (चंपावत)। देवीधार में चल रहे देवी महोत्सव में खेलकूद के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों का शुभारंभ हो गया है। हल्द्वानी से आए कलाकारों ने कलाकारों ने क्रीम पौडर घिसनी किलै ना, मेरी निर्मला समझनी किले ना..., छोड़ दे नानू बाज्यू बोतल की दारू रम... आदि गीतों की प्रस्तुति देकर दर्शकों को थिरकने पर मजबूर कर दिया।
शनिवार को देवीधार सांस्कृतिक विकास समिति के अध्यक्ष जीवन मेहता की अध्यक्षता में विधायक खुशाल सिंह अधिकारी ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों का शुभारंभ किया। सचिव प्रकाश राय और राकेश मेहता के संचालन में रुमझुमा के कलाकारों ने देवी स्तुति के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी। इसके साथ आंचल कला केंद्र हल्द्वानी के दल नायक मोहन पांडेय के नेतृत्व में आए कलाकारों ने कुमांऊनी, गढ़वाली, नेपाली गीतों पर शानदार प्रस्तुतियां देकर दर्शकों की खूब वाहवाही लूटी।
इसके अलावा महिला मंगल दल कलीगांव, डैंसली और बालिका विद्या मंदिर के बच्चों ने भी बेहतरीन प्रस्तुति दी। विशिष्ट अतिथि बाबा आदित्य नाथ और बाबा भुवन गिरि और सतीश पांडेय रहे। वहां प्रह्लाद सिंह मेहता, मुकेश साह, दीप जोशी, देवेंद्र पुजारी, मदन राम, मदन पुजारी, सोनू बिष्ट, जीवन राय, दीपक मेहता, नरेश गिरि, शिवराज बिष्ट आदि मौजूद रहे।
चित्रकला में वानी और कैरम में कपिल ने मारी बाजी
लोहाघाट (चंपावत)। देवीधार महोत्सव के दौरान शैक्षिक प्रतियोगिताएं जारी हैं। चित्रकला प्राथमिक वर्ग में वानी राय, शैलवी मिश्रा, प्राची उप्रेती, हर्षिता अधिकारी, कार्तिकेय बिष्ट, चित्रकला जूनियर वर्ग में अक्षिता बोहरा, चित्रा ढेक, प्रज्ञा मेहता, मनीषा तड़ागी, अनामिका कालाकोटी, ज्याति ने बाजी मारी। इसी तरह कैरम के बालक जूनियर वर्ग में कपिल जोशी, तनुज कुंवर, अर्पित, गौरव मेहता, निबंध के माध्यमिक वर्ग में सांची, सुनिधि, हर्षित, मीनाक्षी और सीनियर वर्ग में निकिता बिष्ट, प्राची फर्त्याल, इशिता मेहता व अनुभवी पुनेठा अव्वल रहे। संवाद