बनबसा (चंपावत)। डीएम डॉ. इकबाल अहमद ने रीड्स संस्था के उज्ज्वला पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने संस्था के कार्यों की जानकारी ली और समस्याओं से अवगत हुए। पर्वतीय क्षेत्रों से राज्य के बाहर होने वाली शादियों का पंजीकरण कराने को कहा।
सोमवार को यहां पहुंचे डीएम डॉ. इकबाल अहमद ने एसडीएम अनिल कुमार चन्याल के साथ रीड्स संस्था के उज्ज्वला पुनर्वास केंद्र का जायजा लिया। उन्होंने नेपाल सीमा के प्रवेश द्वार पर काम करने वाली उक्त संस्था के कार्यों की सराहना की। संस्था के सचिव भुवन गड़कोटी ने उन्हें केंद्र संचालन में आ रही परेशानी बताई।
बताया कि संस्था आर्थिक तंगी से गुजर रही है। डीएम ने बनबसा स्थित एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (एएचटीयू) कर्मियों, रीड्स संस्था पदाधिकारियों को मानव तस्करी पर अंकुश लगाने को भरसक प्रयास करने, बालश्रम, बंधुवा मजदूरी पर नजर रख कार्रवाई करने को कहा। क्षेत्र में घूमने वाले अनजान व्यक्तियों, बच्चों द्वारा कराई जा रही भिक्षावृत्ति रोकने के निर्देश दिए।
उन्होंने यहां पर्वतीय क्षेत्रों से गैर पर्वतीय राज्यों या बाहरी राज्यों में हो रहे विवाह का पंजीकरण आधार से लिंक कराने को जिला मुख्यालय स्तर पर कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने रीड्स संस्था को हो रही परेशानियों को अपने स्तर से सुलझाने का भरोसा दिया। वहां एएचटीयू प्रभारी एसआई मंजू पांडेय, एचसी रवि जोशी, रीड्स संस्था के कार्यक्रम निदेशक जनक चंद, सामाजिक कार्यकर्ता विनीता चंद, गीता बिष्ट, तारा बिष्ट, प्रकाश चंद्र आर्य, सरोज चंद आदि थे।