बनबसा (चंपावत)। पॉलिथीन के खिलाफ छापे मारने के दौरान नगरपंचायत कर्मियों से एक मीट विक्रेता द्वारा की गई अभद्रता पर नगर पंचायत कर्मी और पर्यावरण मित्र भड़क उठे हैं। उन्होंने मीट विक्रेता के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग को लेकर नगर पंचायत अध्यक्ष को ज्ञापन सौंपा है जिसकी प्रतियां डीएम और एसडीएम को भी भेजी गई हैं। मुकदमा दर्ज नहीं किए जाने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी देते हुए कार्य बहिष्कार का ऐलान किया है।
नगर पंचायत कर्मियों ने नगर पंचायर अध्यक्ष रेनू अग्रवाल, डीएम आदि को भेजे ज्ञापन में लिखा है कि 14 मई को उच्च न्यायालय के निर्देशानुसार प्रतिबंधित पालीथिन के खिलाफ नगर क्षेत्र में अभियान चलाया गया था। अभियान के दौरान एक मांस विक्रेता ने नगर पंचायत की चालान बुक फाड़ने के साथ ही कर्मियों के साथ अभद्रता और मारपीट की और एक कर्मचारी को बंधक बना लिया।
नगर पंचायत स्टाफ ने उसी दिन मीट विक्रेता के खिलाफ थाने में सरकारी काम में बाधा पैदा करने आदि का आरोप लगा तहरीर दी थी लेकिन अभी तक आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है। इससे आक्रोशित नगर पंचायत कर्मियों ने 24 घंटे के अंदर मांस विक्रेता पर मुकदमा दर्ज नहीं होने पर कार्य बहिष्कार करने का ऐलान कर दिया है।
ज्ञापन में सतीश कुमार, गिरीश चंद्र कापड़ी, विनोद चंद, प्रकाश चंद, अर्जुन, प्रमोद, सुनील, सागर, विमला आर्य, भूपेंद्र तिवारी, जगदीश चंद्र जोशी, नन्हे लाल, राजपाल, राजकिरण, विजयपाल, सौरभ वाल्मीकि आदि नगर पंचायत कर्मी और पर्यावरण मित्रों के हस्ताक्षर हैं। इधर मांस विक्रेता के खिलाफ मुकदमा दर्ज न होने से पर्यावरण मित्रों में भी रेाष है।
नगर पंचायत कर्मियों द्वारा कार्य बहिष्कार करने पर पर्यावरण मित्र यदि उन्हें सहयोग देते हैं तो फिर चौबीस घंटों बाद नगर क्षेत्र की सफाई व्यवस्था के चरमराने की आशंका है।