कानाकोट के मुंगरिया तोक में जंगल से पहुंची आग से जलते घास के लुट्टों को बचाने का प्रयास करता ग्
- फोटो : कानाकोट के मुंगरिया तोक में जंगल से पहुंची आग से जलते घास के लुट्टों को बचाने का प्रयास करता ग्रामीण।
लोहाघाट (चंपावत)। विकास पाटी के ग्राम सभा कानाकोट के चमौला के जंगलों में भीषण आग लग गई। जंगल की आग की चपेट में आकर छोटे बड़े कई पेड़कर जलकर राख हो गए। जंगली आग ने आबादी में पहुंचकर ग्रामीणों के घास के लुट्टे जला दिए। ग्रामीणों ने वन विभाग से पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की मांग की है।
शुक्रवार को बैसाखी पर्व पर गांव के ईष्ट देवता के मंदिर में लोग पूजा-अर्चना कर रहे थे। इस दौरान कानाकोट चमौला के जंगल धू-धू कर जलने लगे। तेज हवाओं के साथ आग गांव के मंगरियां तोक तक पहुंच गई। आग से जीवन चंद्र भट्ट पुत्र मोतीराम भट्ट की गोशाला के पास रखी सूखी घास के दो लुट्टे जल कर राख हो गए। गांव के चरन दत्त भट्ट, इंद्रदेव भट्ट, प्रकाश चंद, दीपक चंद्र आदि सहित ग्रामीणों की कड़ी मशक्कत के बाद आबादी में पहुंची आग पर काबू पाया गया। ग्रामीणों ने पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की मांग की। आग लगने की सूचना ग्राम प्रधान निर्मल सिंह बोहरा ने राजस्व उपनिरीक्षक अशोक कुमार और देवीधुरा के वन रेंजर बीएस टोलिया को दी।