जो वस्तुएं अनुपयोगी होकर कबाड़ में फेंक दी जाती हैं उनको थोड़ी सी मेहनत से बेहद आकर्षक बनाया जा सकता है। जिला प्रशासन ने कलक्ट्रेट परिसर में ऐसा ही एक इनोवेटिव कार्य कर एक पार्क तैयार किया है। कबाड़ हो चुकी वस्तुओं से पार्क तैयार किया गया है, जिसे नाम दिया है ‘वेस्ट टू वंडर पार्क’।
डीएम स्वाति एस भदौरिया की पहल पर यह पार्क बनाया गया है, जिसमें खाली ड्रम, डिब्बों, टायरों, प्लास्टिक की खाली बोतलों आदि से कोकोनट ट्री, डॉल, गमले, बतख, तितली, फूलदान और दीवार बनाई गई है। खाली ड्रम को काटकर बेंच और कुर्सियां तैयार की गई हैं। अनुपयोगी वस्तुओं से ही एक सेल्फी प्वाइंट भी बनाया गया है, जिससे पूरे पार्क के साथ सेल्फी ली जा सकती है। स्थानीय लोगों के लिए भी पार्क आकर्षण का केंद्र बना है। डीएम ने कहा कि पार्क बनाने का उद्देश्य लोगों में वेस्ट मैटीरियल का प्रयोग कैसे करें यह समझाना है। साथ ही इन वस्तुओं से पर्यावरण को होने वाले नुकसान से भी बचाया जा सकता है।