बदरीनाथ धाम पहुंच रहे श्रद्धालु इस बार देश के अंतिम गांव माणा नहीं जा पा रहे हैं। कोरोना संक्रमण को देखते हुए ग्रामीणों ने गांव में बाहरी लोगों के प्रवेश पर रोक लगा दी है। उन्होंने गांव के प्रवेश द्वार पर इस संबंध में नोटिस भी चस्पा कर दिया है।
बदरीनाथ धाम की यात्रा पर फिलहाल केवल उत्तराखंड के ही श्रद्धालु जा सकते हैं। वह बदरीश महाराज के दर्शन के बाद यहां से तीन किलोमीटर दूर स्थित देश के अंतिम गांव माणा जाना नहीं भूलते। यहां माणा पुल, व्यास गुफा, सरस्वती नदी और घंटाकर्ण मंदिर के दर्शन करते हैं। लेकिन इस बार उन्हें इसका मौका नहीं मिल रहा है।
माणा के ग्राम प्रधान पीतांबर मोल्फा ने बताया कि गांव की सुरक्षा के लिए ग्रामीणों ने यह फैसला लिया है। बाहरी लोगों के आने से कोरोना संक्रमण की आशंका थी। उन्होंने कहा कि एक बार इस संकट से निजात मिले तो गांव में फिर से चहल-पहल देखने को मिलेगी। फिलहाल किसी भी बाहरी व्यक्ति को गांव में घुसने नहीं दिया जा रहा है।
कोरोना संक्रमण को देखते हुए गांव की सुरक्षा करना कोई अपराध नहीं है। ग्रामीणों ने मौजूदा समय को देखते हुए यह कदम उठाया है। सभी को इस संकट की घड़ी में सचेत रहने की आवश्यकता है।
अनिल चन्याल, एसडीएम, जोशीमठ