आदमखोर गुलदार के आतंक से निजात दिलाने के लिए वन विभाग ने हरिद्वार से भी दो शूटरों को बुला लिया है। यहां पहले से ही दो शिकारी लखपत सिंह रावत और जॉय हुकिल तैनात हैं। रविवार को डॉ. प्रशांत और जहीर बख्शी ने भी गुलदार को मारने के लिए मोर्चा संभाल लिया।
क्षेत्र के त्यूला, भ्याड़ी, गैरबारम आदि गांवों के लोगों में आदमखोर गुलदार खौफ बना है। गुलदार अब तक एक चार वर्षीय बालक तथा 12 साल की एक बालिका को अपना शिकार बना चुका है। इसके अलावा वह कई पशुओं को भी मार चुका है। गुलदार की दहशत के चलते शाम ढलते ही ग्रामीण घरों में दुबकने को मजबूर हैं।
बीती 30 जून को वन विभाग ने गुलदार को आदमखोर घोषित किए जाने के बाद उसे मारने के लिए दो शिकारियों लखपत सिंह रावत और जॉय हुकिल को तैनात किया था।
रेंजर जुगल किशोर चौहान के मुताबिक क्षेत्र बड़ा होने और गुलदारों की संख्या अधिक होने के कारण दो और शिकारियों को गुलदार मारने के लिए बुलाया गया है, ताकि जल्द से जल्द ग्रामीणों को खौफ से छुटकारा दिलाया जा सके।
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