नगर क्षेत्र से कुछ ही दूरी पर स्थित ब्रह्मसैंण में गाजे-बाजे के साथ हो रही नाबालिग की शादी को थाना पुलिस ने रुकवा दिया। दूल्हा मंडप के बजाय दिनभर परिजनों के साथ थाने में रहा।
थानाध्यक्ष योगेंद्र सिंह ने बताया कि बुधवार सुबह दस बजे किसी व्यक्ति ने उन्हें टेलीफोन पर ब्रह्मसैंण में एक नाबालिग की शादी की सूचना दी। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर नाबालिग के पिता से दुल्हन के शैक्षणिक दस्तावेज मांगे। दस्तावेजों के आधार पर बालिका की उम्र 17 वर्ष निकली। तभी गांव से कुछ दूरी पर बारात भी पहुंच गई। पुलिस टीम दूल्हे और उसके परिजनों को थाने ले आई। थानाध्यक्ष ने बताया कि बारात दिल्ली से पहुंची थी। यह रिश्ता बालिका पक्ष के किसी रिश्तेदार ने तय कराया था। बालिका के पिता ने जब अपनी गरीबी के कारण शादी के आयोजन में असमर्थता जताई तो दूल्हे के परिजनों ने शादी आयोजन के लिए उन्हें पचास हजार रुपये भी दिए। नाबालिग की शादी की सूचना पर जिला बाल विकास अधिकारी शोएब हुसैन भी थाने में पहुंचे और उन्होंने दूल्हे और दुल्हन के परिजनों से बातचीत कर उनके बैंक खातों की जानकारी ली।
पुलिस के मुताबिक मामले में हर पहलू की जांच की जा रही है। दूल्हे के परिजनों से पूछताछ जारी है। दूल्हे के एक परिजन ने बताया कि गौचर में उनके रिश्तेदार रहते हैं। उन्होंने ही इस शादी की बात की थी। लड़के और लड़की की सहमति पर ही यह शादी हो रही थी।