मंदिर समिति की बैठक में लिया गया निर्णय
पंचांग गणना के बाद तय हुई तिथि, आयोजन के लिए सौंपी जिम्मेदारियां
संवाद न्यूज एजेंसी
आदिबदरी। आदिबदरी मंदिर के कपाट बंद समारोह की तैयारियों को लेकर आयोजित बैठक में कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार कर सदस्यों को जिम्मेदारियां दी गईं। मंदिर के कपाट आगामी 15 दिसंबर की शाम 7 बजकर 30 मिनट पर बंद किए जाएंगे। यहां एक माह के लिए मंदिर के कपाट बंद रहते हैं। कपाट बंद होने की प्रकिया 11 दिसंबर से शुरू हो जाएगी।
बुधवार को आदिबदरी मंदिर प्रबंध समिति की बैठक मंदिर परिसर में जगदीश बहुगुणा की अध्यक्षता में हुई। बैठक में सबसे पहले आदिबदरी मंदिर के मुख्य पुजारी चक्रधर थपलियाल ने पंचांग गणना के अनुसार कपाट बंद के शुभ मुहूर्त के बारे में घोषणा करते हुए बताया कि मंदिर के कपाट आगामी 15 दिसंबर की शाम साढ़े सात बजे पौष माह के लिए परंपरागत तरीके से बंद कर दिए जाएंगे। बैठक में सर्वसम्मति से तय हुआ कि कपाट बंद के दिन धार्मिक अनुष्ठानिक कार्यक्रमों के साथ क्षेत्र की महिला मंगल दलों व क्षेत्रीय विद्यालयों के धार्मिक सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे। सफल आयोजन के लिए बलवंत भंडारी को अनुष्ठानिक कार्यक्रमों, हिमेंद्र कुंवर व गैंणा सिंह रावत को सांस्कृतिक कार्यक्रमों तथा नरेश बरमोला, गंगा रावत को स्वागत समिति, पुष्कर रावत को प्रचार समिति का कार्य सौंपा गया। बैठक में तय हुआ कि मुख्य अतिथि के रूप विधायक अनिल नौटियाल को आमंत्रित किया जाएगा। पुजारी चक्रधर थपलियाल ने बताया कि कपाट बंद होने की प्रक्रिया के अंतर्गत 11 दिसंबर से विशेष पंच पूजा शुरू हो जाएगी।