देवाल। पूर्णा गांव के कई घरों के लिए खतरा बने दरके दो मंजिला पंचायत घर को डीएम की ओर से अभी तक नहीं हटवाया गया है। ग्रामीणों का कहना है कि पंचायत घर में मोटी-मोटी दरारों के कारण कभी भी कोई हादसा हो सकता है जबकि डीएम ने पांच नवंबर को 10 दिन में पंचायत भवन हटाने के निर्देश दिए थे।
सितंबर माह में भारी बारिश और भू-धंंसाव से पूर्णा गांव के दो मंजिला पंचायत घर में दरारें आ गई थीं और घरों के ऊपर बड़ेे बोल्डर खिसकने से आसपास के 10 से अधिक घरों को खतरा बना है। कनिष्ठ उप प्रमुख पिंकी देवी ने बताया कि बोल्डर तो हटा लिया गया लेकिन खतरा बने पंचायत घर को नहीं हटाया गया। वहीं इस संबंध में लोनिवि के ईई रमेश चंद्र ने बताया कि लोनिवि की ओर से बोल्डर को तोड़कर हटा दिया गया। पंचायत घर पंचायत विभाग की संपत्ति है। पंचायत विभाग ही इसे तोड़कर हटाएगा। लोनिवि की ओर से इसका निष्प्रयोजन प्रमाणपत्र दे दिया है। इसको हटाने की जिम्मेदारी पंचायत विभाग की है। वहीं एडीओ पंचायत देवेंद्र रावत ने बताया कि जल्द बैठक कर पंचायत घर को डिस्मेंटल कर दिया जाएगा।