नंदानगर के बांजबगड़ गांव के मनोज बिष्ट की मौत का मामला
जिला अस्पताल प्रशासन ने पुलिस को सौंपी पोस्टमार्टम रिपोर्ट, शव पुराना होने के कारण स्पष्ट नहीं हो पाया कारण
संवाद न्यूज एजेंसी
गोपेश्वर। नंदानगर के मनोज बिष्ट की मौत के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट जिला अस्पताल प्रशासन ने पुलिस को सौंप दी है। हालांकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। अब विसरा जांच के बाद ही मौत के कारणों का पता चल सकता है।
बीते 13 जुलाई को मनोज का शव हेमकुंड साहिब के मुख्य यात्रा पड़ाव घांघरिया के जंगलों में पेड़ से रस्सी के सहारे लटका मिला था। गोपेश्वर जिला अस्पताल के तीन डॉक्टर के पैनल ने शव का पोस्टमार्टम किया था। मगर मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो पाया है। अस्पताल प्रशासन ने पुलिस को बताया कि शव पुराना होने के कारण मौत के कारणों की स्थिति स्पष्ट नहीं हो पाई है। रिपोर्ट में मौत का समय पोस्टमार्टम की तिथि से 10 दिन पूर्व होने का अनुमान लगाया गया है। अस्पताल प्रशासन की ओर से विसरा सुरक्षित कर जांच के लिए पुलिस को सौंपा गया है। पुलिस अधीक्षक सर्वेश पंवार ने बताया कि विसरा फॉरेंसिक जांच के लिए लैब में भेजा गया है। इसकी रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारण पता चल सकेंगे। एसपी ने बताया कि मामले में घोड़ा-खच्चर स्वामी देवेंद्र सिंह, उसका बेटा संदेश चौहान व उनके साथ काम करने वाले योगेश को गिरफ्तार किया गया है। मामले की जांच की जारी है।