चमोली जिले में गरीब परिवार कितने हैं इसका आकलन करने के लिए प्रशासन की ओर से सर्वे किया जा रहा है। इस सर्वे में पता चलेगा कि 2011 की जनगणना के सापेक्ष जिले की वर्तमान स्थिति क्या है। साथ ही केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं का लोगों को कितना लाभ मिल रहा है इसके बारे में भी जानकारी मिलेगी।
कलक्ट्रेट सभागार में प्रभारी जिलाधिकारी हंसादत्त पांडे की अध्यक्षता में सामाजिक आर्थिक व जातिगत गणना (एसईसीसी) सर्वेक्षण के लिए सभी ग्राम विकास अधिकारियों और ग्राम पंचायत अधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया। बताया गया कि 2011 की जनगणना के अनुसार जिले में 15900 परिवार गरीब थे। प्रभारी जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि एसईसीसी के तहत चिह्नित परिवारों का घर-घर जाकर सर्वे दो मार्च तक पूरा कर लिया जाए। इसके आंकड़े ईओएल मोबाइल एप के माध्यम से ऑनलाइन किए जाएंगे। इस दौरान परियोजना निदेशक (डीआरडीए) प्रकाश रावत, डीपीआरओ राजेंद्र गुंजियाल, एपीडी सुमन बिष्ट सहित सभी ब्लाकों के खंड विकास अधिकारी, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी एवं ग्राम विकास अधिकारी उपस्थित थे।