कुलसारी में खुली अंग्रेजी शराब की दुकान को बंद किए जाने की मांग को लेकर कुलसारी, ढालू, सिलोड़ी, लम्बकूनी, आंर्दा सहित आस-पास के कई गांवों की महिलाओं ने एकजुट होकर तहसील मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। तहसीलदार के माध्यम से सीएम को भेजे ज्ञापन में महिलाओं ने कहा यदि जल्द मांग पर कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन उग्र किया जाएगा।
एडवोकेट जगमोहन भारद्वाज के नेतृत्व में महिलाओं ने थराली बाजार से तहसील तक जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया और सरकार विरोधी नारे लगाए। तहसील पहुंची महिलाओं ने कहा कि दस माह पूर्व पीपलकोटी के लिए अंग्रेजी शराब की दुकान स्वीकृति हुई थी।
पीपलकोटी की महिलाओं और जन प्रतिनिधियों के विरोध के बाद इस दुकान को घाट मोटर मार्ग पर कांडई पुल पर खोलने की कवायद हुई। यहां भी ग्रामीणों का विरोध हुआ जिस पर विभाग और जिला प्रशासन ने एकतरफा कार्रवाई करते हुए इस दुकान को कुलसारी में खोल दी, जो निंदनीय है।
महिलाओं के आंदोलन के समर्थन में कोटद्वार से आए नशाबंदी आंदोलन के प्रदेश संयोजक एडवोकेट जगमोहन भारद्वाज ने कहा कि पहाड़ की शांत वादियों में शराब ने जहर घोल दिया है। बच्चे भी इससे अछूते नहीं हैं और महिलाएं सबसे अधिक इसका दंश झेल रही हैं।
पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष एवं अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के जिला संयोजक प्रदीप जोशी ने महिलाओं के आंदोलन को समर्थन दिया। कुलसारी की ग्राम प्रधान सुनीता देवी ने कहा कि यहां पर शराब की दुकान खोलने से असामाजिक तत्वों की गतिविधियां बढ़ रही हैं।
प्रदर्शन करने वालों में महिला मंगल दल अध्यक्ष हेमा डिमरी, ढालू की महिला मंगल दल अध्यक्ष रेखा देवी, सिलोड़ी की महिला मंगल दल अध्यक्ष मंजू बिष्ट, अंशी, गायत्री देवी, आशा देवी, ज्योति, रिंकी मंजू देवी, कुंती देवी, चंदा देवी, जानकी देवी, गुड्डी देवी, सुनीता टम्टा, कमला देवी, आशा डिमरी और पैरा लीगल वालिटियर जगमोहन रावत सहित कई महिलाएं शामिल थीं।