गांवों को यातायात से जोड़ने के लिए किए जा रहे सड़कों के निर्माण कार्य से सात पेयजल लाइनें क्षतिग्रस्त हो गईं। पोखरी और दशोली ब्लाक की सात पेयजल लाइनों को जेसीबी ने काम के दौरान तहस-नहस कर दिया है, जिससे ग्रामीणों के सामने पेयजल संकट खड़ा हो गया है। जल संस्थान ने पेयजल लाइनों की मरम्मत के लिए लोनिवि और पीएमजीएसवाई से 21.23 लाख रुपये की मांग की है।
इन दिनों दशोली व पोखरी क्षेत्र में सड़कों का निर्माण कार्य चल रहा है। निर्माण के दौरान जेसीबी ने सिनाऊं पेयजल योजना, आली-कांडई, सरणाचाईं, कोठियालसैंण, छिनका, गंजेड़ और मैठाणा पेयजल योजना को तहस-नहस कर दिया है। वहीं कई पेयजल योजनाओं के पाइप लोग उठाकर ले गए हैं। पोखरी की ब्लॉक प्रमुख प्रीती भंडारी ने कहा कि सड़कों के निर्माण से पेयजल लाइनें क्षतिग्रस्त पड़ी हैं। उन्होंने शीघ्र पेयजल लाइनों की मरम्मत कर गांवों में सुचारु पेयजल आपूर्ति की मांग उठाई। इधर, जल संस्थान के ईई पीके सैनी ने बताया कि लोनिवि व पीएमजीएसवाई की जेसीबी से 21.23 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। दोनों विभागों से धनराशि मुहैया कराने के लिए भी पत्राचार किया गया है। इस संबंध में जिलाधिकारी को भी अवगत करा दिया गया है।