लोक गायक मंगलेश डंगवाल के नाम रही शरदोत्सव की सांस्कृतिक संध्या
संवाद न्यूज एजेंसी
पोखरी (चमोली)। 20वें हिमवंत कवि चंद्र कुंवर बर्त्वाल खादी ग्रामोद्योग एवं शरदोत्सव की चौथी सांस्कृतिक संध्या लोक गायक मंगलेश डंगवाल के नाम रही। कार्यक्रम में मंच संभालते ही उन्होंने अपनी जादुई आवाज से ऐसा समां बांधा कि पूरा पंडाल झूम उठा। उनके लबरा छोरी..., सुरमा सरेला... समेत कई गीतों पर दर्शक जमकर झूमे।
चौथी सांस्कृतिक संध्या में लोक गायक मंगलेश डंगवाल ने लबरा छोरी, सुरमा सरेला, सिल्की बांद, गोरख्यों की रांझा, गांव की होली, गणेश मंगलाचरण, देवी जागर, माया बांद सहित कई गीतों की प्रस्तुति से दर्शकों को खूब झुमाया। दर्शकों से खचाखच भरे पंडाल से तालियों की गड़गड़ाहट सुनाई देतप्रही। पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेंद्र भंडारी, मेला अध्यक्ष सोहन लाल, व्यापारी संजय असवाल, जीआईसी नागनाथ के प्रधानाचार्य दिनेश सती, शिक्षिका कुसुमलता गड़िया, केदार सिंह नेगी, दयाल गड़िया, बिछना रौथाण देर रात तक गीतों का आनंद लेते रहे।
वहीं मेले में विभिन्न प्रतियोगिताएं व सांस्कृतिक कार्यक्रम हुए। चित्रकला में प्राथमिक वर्ग में प्रावि जखमाला प्रथम, शिवांगी इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल पोखरी दूसरे, टैगोर चिल्ड्रन एकेडमी तीसरे नंबर पर रही। जूनियर वर्ग में शिवांगी इंटरनेशनल स्कूल प्रथम, टैगोर इंटर कॉलेज दूसरे स्थान पर रहा। सीनियर वर्ग में एबीएम इंटर कॉलेज पोखरी प्रथम, जीआईसी रडुवा चांदनीखाल द्वितीय व जीजीआईसी पोखरी तृतीय स्थान पर रहा। रंगोली के सीनियर वर्ग में टैगोर इंटर कॉलेज पोखरी प्रथम, राबाइंका पोखरी द्वितीय और शिवांगी इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल पोखरी तृतीय स्थान पर रही।
स्वास्थ्य शिविर में 100 से अधिक लोगों की जांच
पोखरी (चमोली)। ग्राफिक एरा हॉस्पिटल देहरादून की ओर से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पोखरी में निशुल्क स्वास्थ्य शिविर लगाया गया। विशेषज्ञ चिकित्सकों ने 100 से अधिक लोगों के स्वास्थ्य की जांच कर उन्हें निशुल्क दवा वितरित की। चिकित्सकों की टीम में डॉ. जसमेर सिंह, डॉ. राजश्री ठाकुर और डॉ. हृदयेश सिंह सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी शामिल रहे। शिविर सोमवार को भी जारी रहेगा।
महिलाओं को किया जागरूक
पोखरी (चमोली)। 20वें हिमवंत कवि चंद्रकुंवर बर्त्वाल खादी ग्रामोद्योग एवं शरदोत्सव मेले में महिला सशक्तीकरण गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में राज्य महिला आयोग की सदस्य वत्सला सती सहित एडवोकेट राधारानी रावत, तनुजा, उर्मिला नेगी और कुसुमलता गड़िया ने महिलाओं को उनके अधिकारों, स्वास्थ्य, शिक्षा और सामाजिक परंपराओं की जानकारी दी। वक्ताओं ने साइबर अपराधों से बचाव के उपाय बताते हुए महिलाओं से अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि महिला शिक्षा समाज के विकास की आधारशिला है।