रामलीला मैदान में आयोजित तीन दिवसीय पिंडर घाटी सांस्कृतिक एवं पर्यटन मेला मंगलवार से शुरू हुआ। मेले का उद्घाटन विधायक जीतराम ने दीप प्रज्जवलित कर किया। स्कूली छात्र-छात्राओं ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। कलाकारों ने नंदा तेरी जात पैटण बैठिगे... की प्रस्तुति से कार्यक्रम की शुरुआत की। इस दौरान दर्शकों ने मां नंदा के जयकारे लगाए।
मंगलवार को शुरू हुए कार्यक्रम में संसदीय सचिव और विधायक डा. जीतराम ने कहा कि मेले संस्कृतियों को जोड़ने का कार्य करते हैं। उन्होंने पिंडर घाटी को गढ़ कुमाऊं संस्कृति का मिलन केंद्र बताया। तीन दिवसीय मेले के पहले दिन स्कूली बच्चों ने रंगारंग कार्यक्रमों की छठा बिखेरी।
विभिन्न विभागों के स्टालों में भी लोगों की चहल-पहल रही। सरस्वती शिशु मंदिर, विद्या मंदिर, राजकीय कन्या इंटर कालेज, राजकीय इंटर कालेज थराली, पिंडर पब्लिक स्कूल थराली, नवदीप चिल्ड्रन एकेडमी राड़ीबगड़, पर्वतीय स्कालर एकेडमी पब्लिक स्कूल थराली के छात्र-छात्राओं ने गढ़वाली तथा कुमाउंनी सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां दीं।
संस्कृति विभाग की ओर से कर्णभूमि कला मंच ने नंदा देवी राजजात यात्रा का मनमोहक मंचन किया। कलाकारों की ओर से प्रस्तुति नंदा तेरी जात पैटण बैठिगे... पर दर्शकों ने मां नंदा के जयकारे लगाए। इस अवसर पर मेला आयोजन समिति के अध्यक्ष सुरपाल सिंह रावत, उपाध्यक्ष नंदू बहुगुणा, कोषाध्यक्ष कुंवर सिंह रावत, सचिव खीमानंद खंडूड़ी, ग्राम प्रधान भावना गुर्साइं, सरपंच गोपालदत्त पंत, कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता लखन सिंह रावत, देवी जोशी, प्रीतम सिंह, नीरजा मिश्रा, मोहन बहुगुणा, आनंद सिंह गुर्साइं, कृष्णपाल सिंह गुर्साइं, प्रदीप जोशी अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद थे।
संचालन हरि प्रसाद खंडूड़ी ने किया।