क्षेत्र पंचायत दशोली की त्रैमासिक बैठक में पानी, बिजली, स्वास्थ्य, शिक्षा से संबंधित मुद्दे छाए रहे। सदन में सैकोट प्रधान रामलाल ने कहा कि मनरेगा के तहत गांव में एक लाख रुपये का कार्य करवाया गया, लेकिन उन्हें एक लाख बीस हजार रुपये का भुगतान किया गया, जिससे ब्लाक में मनरेगा में बड़े वित्तीय घोटाले का अंदेशा है।
इस पर खंड विकास अधिकारी प्रेम सिंह डंगवाल ने कहा कि तत्काल मामले की जांच की जाएगी। ग्राम विकास अधिकारी और प्रशासनिक सहायक दोषी पाए गए तो संबंधित अधिकारियों से वसूली की जाएगी।
ब्लाक सभागार में सुबह 11 बजे ब्लॉक प्रमुख प्रमिला सजवाण की अध्यक्षता में बैठक शुरू हुई। प्रमुख ने ग्राम पंचायतों को शीघ्र मनरेगा भुगतान करने के निर्देश दिए। क्षेत्र पंचायत सदस्य हरिबोधनी खत्री ने कम्यार-अगथला पेयजल योजना के पुनर्गठन की मांग की।
बेमरू प्रधान रविंद्र नेगी और क्षेत्र पंचायत सदस्य सीमा असवाल ने 14 दिन में मनरेगा कार्यों के भुगतान की मांग की। प्रधान किलोंडी विनीता देवी ने कहा कि गांव में बीपीएल सर्वेक्षण न होने से पात्र ग्रामीणों को बीपीएल का लाभ नहीं मिल रहा है।
क्षेत्र पंचायत सदस्य देवेंद्र सिंह बिष्ट ने अधिक समय तक एक ही क्षेत्र में सेवा दे रहे वीडीओ और प्रशासनिक सहायकों के स्थानांतरण की मांग की। सदस्य सुनील कोठियाल ने दशोली ब्लॉक के इंटर और हाईस्कूलों में एनसीसी जूनियर डिवीजन खुलवाने की मांग की।