पिंडर नदी में शासन की ओर से आवंटित खनन के लिए जारी पट्टों पर पट्टाधारक बिना सीमांकन के ही खनन करने में लगे हैं।
13 मार्च को पिंडर नदी में तीन जगहों पर रिवर ट्रेनिंग के तहत टेंडर जारी हुए थे। इस पर तत्काल ही खनन होना था, लेकिन इसी बीच कोरोना संक्रमण के कारण लॉकडाउन होने से मामला ठंडे बस्ते में चला गया। लॉकडाउन के दूसरे चरण में राज्य सरकार ने ग्रीन जोन के जिलों में कुछ शर्तों के साथ खनन की अनुमति दे दी। इसी के तहत अब नगर कोटियाणा और कुलसारी मल्ला बगड़ में बिना सीमांकन के ही मशीनें पिंडर नदी में उतार दी गईं हैं। पिंडर नदी में पोकलैंड मशीनों के उतरने से जिन काश्तकारों की भूमि इस खनन क्षेत्र के पास हैं उन्हें भूमि धंसाव और कृषि भूमि नुकसान की आशंका बनी है। उपजिलाधिकारी थराली किशन सिंह नेगी का कहना है कि अभी आरबीएम निकासी के आदेश जारी नहीं हुए हैं, जल्द ही सीमांकन कर आदेश जारी किए जाएंगे।