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Chamoli News: स्कूलों को क्लस्टर योजना में शामिल किया तो करेंगे आंदोलन

Wed, 02 Jul 2025 06:48 PM IST
देहरादून ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
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उमट्टा के ग्रामीणों ने सीईओ को भेजा ज्ञापन
कहा, जबरन स्कूल को क्लस्टर में शामिल किया तो करेंगे आंदोलन
संवाद न्यूज एजेंसी
कर्णप्रयाग। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय उमट्टा को क्लस्टर योजना के तहत राजकीय इंटर कॉलेज कर्णप्रयाग में संचालित करने के निर्देशों का अभिभावकों और ग्रामीणों ने विरोध किया। ग्रामीणों ने बीईओ के माध्यम से सीईओ को ज्ञापन भेजा। कहा कि यदि जबरन स्कूल बंदकर क्लस्टर में शामिल किया गया तो ग्रामीण आंदोलन करेंगे।
निवर्तमान ग्राम प्रधान उमट्टा के महेंद्र कुमार, पूर्व प्रधान कालेश्वर चंदा पल्लव, पूर्व प्रधान नाकोट संजू देवी, अरविंद चौहान, विमल डिमरी, अनीता देवी, पिंकी देवी आदि ने बताया कि करीब 55 वर्ष पहले राजकीय जूनियर हाईस्कूल के भवन निर्माण के लिए उमट्टा के ग्रामीणों ने अपनी लगभग 50 नाली भूमि दान दी। वर्ष 2010 में इसे हाईस्कूल बनाया गया। कहा कि वर्तमान में विद्यालय में उमट्टा, मौणा, डांडेधार, बरसाली, कालेश्वर गांवों के वर्तमान में 25 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैंं। इन दूरस्थ गांवों से राजकीय इंटर काॅलेज कर्णप्रयाग जाने में यहां के छात्र-छात्राएं असमर्थ हैं। ज्ञापन भेजने वालों में बदरी प्रसाद, रेखा डिमरी, गौरी देवी, सरिता देवी, चंद्रकला देवी, अनुसूया प्रसाद, उपेंद्र डिमरी, बबिता देवी आदि के हस्ताक्षर हैं।
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नारायणबगड़ और देवाल में भी विरोध
नारायणबगड़/देवाल। ब्लॉक के हाईस्कूल मींग को क्लस्टर विद्यालय नारायणबगड़ में शामिल करने का विद्यालय प्रबंधन समिति तथा पीटीए ने विरोध किया। बीईओ को दिए ज्ञापन में उन्होंने हाईस्कूल मींग का संचालन पूर्व की भांति करने की मांग की। कहा अगर ऐसा नहीं हुआ तो न्यायालय की शरण ली जाएगी। विद्यालय प्रबंधन समिति के अध्यक्ष कर्ण सिंह रावत पीटीए अध्यक्ष पुष्पा देवी ने कहा कि वर्तमान में हाईस्कूल मींग में 66 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं। बीईओ अनिनाथ ने कहा कि क्लस्टर विद्यालय में शामिल होने वाले विद्यालय के विद्यार्थियों को सभी प्रकार की सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं। इस योजना से छात्रों के बेहतर शिक्षा व्यवस्था प्रदान की जाएगी। वहीं देवाल के राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय जैनबिष्ट को योजना में चयनित करने का भी विद्यालय प्रबंधन समिति ने विरोध किया। विद्यालय के प्रबंधन समिति के अध्यक्ष नंदन परिहार व एसएमसी अध्यक्ष चंपा देवी ने कहा कि जैनबिष्ट व बेराधार को जीआईसी देवाल में संचालित करने पर यहां के छात्रों को छह से सात किमी पैदल चलना पड़ेगा। संवाद
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