सिखों के प्रसिद्ध तीर्थ हेमकुंड साहिब के कपाट खुलने की प्रक्रिया शुरू हो गई हैं। रविवार को हेमकुंड के प्रवेश द्वार गोविंदघाट गुरुद्वारे में अखंड पाठ शुरू हो गया है। हेमकुंड साहिब की पहली अरदास में शामिल होने के लिए करीब पांच सौ तीर्थयात्री गोविंदघाट और घांघरिया पहुंच गए हैं।
हेमकुंड साहिब के कपाट 25 मई को सुबह दस बजे पहली अरदास के साथ खुलेंगे। 24 मई को गोविंदघाट गुरुद्वारे में भोग लगाया जाएगा। सुबह दस बजे पंच प्यारों के साथ तीर्थयात्री गोविंदघाट से यात्रा के प्रमुख पड़ाव घांघरिया के लिए प्रस्थान करेंगे।
25 मई को ब्रह्ममुर्हूत में तीर्थयात्री हेमकुंड साहिब के लिए रवाना होंगे और सुबह दस बजे हेमकुंड के कपाट आम श्रद्धालुओं के लिए खुलेंगे। गोविंदघाट गुरुद्वारे के वरिष्ठ प्रबंधक सरदार सेवा सिंह का कहना है कि तीर्थयात्रियों के उत्साह को देखते हुए इस बार हेमकुंड साहिब की तीर्थयात्रा के बेहतर चलने की उम्मीद है।
यात्रा मार्ग पर व्यवस्थाएं भी चाक-चौबंध हो गई हैं। तीर्थयात्री गोविंदघाट से पुलना तक साढ़े तीन किलोमीटर वाहन से और यहां से साढ़े पंद्रह किमी पैदल यात्रा करेंगे।