कर्णप्रयाग। स्वागत और सम्मान समारोहों में बुके (गुलदस्ता) देने की परंपरा अब धीरे-धीरे कम होती जा रही है। चमोली जिले में मुख्य शिक्षा अधिकारी आकाश सारस्वत की अनूठी पहल पर शुरू किए गए ‘बुके नहीं बुक अभियान’ को अब एक नई और व्यापक पहचान मिल रही है। इस अभिनव प्रयास के तहत आयोजनों में अतिथियों को गुलदस्ते की बजाय पुस्तकें भेंट की जा रही हैं।
जिला शिक्षा और प्रशिक्षण संस्थान (डायट) के प्रवक्ता डॉ. कमलेश कुमार मिश्र के अनुसार सीईओ आकाश सारस्वत की पहल से ही चमोली में इस अनूठे अभियान का संचालन किया जा रहा है। इसी कड़ी में गौचर पहुंचीं विद्यालयी शिक्षा सचिव ज्योति यादव का मुख्य शिक्षा अधिकारी आकाश सारस्वत ने श्रीमद्भागवद्गीता भेंट कर स्वागत किया। इसकी शिक्षा सचिव ने भी दिल से सराहना की। इसके अलावा शहरी विकास सचिव नितेश कुमार झा और अपर सचिव मनोज गोयल का स्वागत भी गीता भेंट कर किया गया। संवाद