गाड़ू घड़ा तेल कलश यात्रा बुधवार को डिम्मर गांव के पौराणिक श्रीलक्ष्मीनारायण मंदिर से बदरीनाथ धाम के लिए रवाना होगी। अभी यहां नित्य तेल कलश की पूजा की जा रही है। श्री बदरीनाथ डिमरी धार्मिक केंद्रीय पंचायत के अध्यक्ष आशुतोष डिमरी ने बताया कि 30 अप्रैल को ब्रह्ममुहूर्त में श्रीलक्ष्मीनारायण मंदिर डिम्मर में महाभिषेक पूजा-अर्चना और बाल भोग अर्पित किया जाएगा।
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इसके बाद गाड़ू घड़ा तेल कलश यात्रा सिमली, कर्णप्रयाग, उमट्टा, लंगासू, नंदप्रयाग, चमोली होते हुए दोपहर को बिरई पहुंचेगी। जहां गाडूघड़ा तेल कलश की पूजा कर राजभोग अर्पित किया जाएगा। शाम को तेल कलश रात्रि प्रवास के लिए श्रीबदरीनाथ धाम के डिमरी पुजारियों के गांव पाखी पहुंचेगा। एक मई को यात्रा ज्योतिर्मठ, दो मई को पांडुकेश्वर और तीन मई को बदरीनाथ धाम पहुंचेगी। चार मई को कपाट खुल जाएंगे और छह माह तक इसी तेल से पूजा की जाएगी।