थराली। शुक्रवार आधी रात को हुई अतिवृष्टि ने सगवाड़ा गांव में तबाही मचा दी जिससे पांच से अधिक घरों में मलबा घुस गया। ये सभी घर पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए हैं। इस दौरान लोगों ने किसी तरह भागकर अपनी जान बचाई लेकिन इसी घबराहट में नरेंद्र सिंह बिष्ट की 20 वर्षीय बेटी कविता बिष्ट मलबे की चपेट में आ गईं और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। ग्रामीणों और प्रशासन की रेस्क्यू टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद कविता का शव मलबे से निकाला। उप जिलाधिकारी पंकज भट्ट ने बताया कि शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया जाएगा और आगे की कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि आपदा प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट कर दिया गया है।
नगर पंचायत अध्यक्ष ने किया दौरा
आपदा की खबर मिलते ही नगर पंचायत अध्यक्ष सुनीता रावत रात में ही राड़ीबगड़ पहुंच गईं। उन्होंने बस्ती के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने में मदद की। शनिवार सुबह भी उन्होंने आपदा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया और लोगों को हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया।
असम रेजिमेंट के जवानों ने की मदद
राड़ीबगड़ में सैलाब के साथ आए मलबे से कई वाहन दब गए थे। शनिवार सुबह जब लोग अपने वाहनों को निकालने का प्रयास कर रहे थे तो पास की सेना कैंटीन में तैनात असम रेजिमेंट के छह से अधिक जवानों ने उनकी मदद की। जवानों ने लोगों के साथ मिलकर मलबे में दबे वाहनों को बाहर निकाला और सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया।