ग्रामीणों और वन विभाग के प्रयास के बाद भी नहीं बुझ पा रही, अब तेजी से फैल रही आग
वन आरक्षियों की हड़ताल के कारण भी हो रही दिक्कत
संवाद न्यूज एजेंसी
देवाल। वाण गांव के पास आरक्षित वन क्षेत्र में लगी आग से लाखों की वन संपदा नष्ट हो गई है। पिछले दो दिन से वाण के जंगल जल रहे हैं लेकिन ग्रामीणों और वन विभाग के प्रयास के बाद भी यह बुझ नहीं सकी है। आग के कारण दो हेक्टेयर में फैला बुरांश का जंगल जल गया है और अब आग तेजी से फैल रही है। खड़ी चट्टान में आग लगने से इस पर काबू पाना विभाग के लिए मुसीबत बना है। वहीं वन आरक्षियों के हड़ताल पर चले जाने से भी दिक्कत आ रही है।
वाण के पूर्व डिप्टी रेंजर त्रिलोक बिष्ट और पूर्व बीडीसी मेंबर हीरा पहाड़ी ने बताया कि बदरीनाथ वन प्रभाग के देवाल रेंज में दो दिन पहले वाण गांव के पास सड़क के नीचे के हिस्से पर आग लगी थी जिसे बुझा दिया गया था। मगर बुधवार शाम को अचानक लगी आग से बुरांश का जंगल जलकर नष्ट हो गया है। आग अब तेजी से फैल रही है। उन्होंने बताया कि आग बुझाने के लिए वन विभाग के कर्मी और ग्रामीण जुटे हुए हैं। वहीं वन बदरीनाथ वन प्रभाग के रेंजाधिकारी मनोज देवराड़ी ने बताया कि वाण गांव में बृहस्पतिवार को दोबारा आग भड़क उठी। विभाग के सभी वन कर्मी ग्रामीणों के साथ आग बुझाने में लगे हैं। वन आरक्षी भी हड़ताल पर हैं जिससे खड़ी चट्टान के कारण आग काबू पाने में समय लग रहा है। ग्रामीणों के सहयोग से शीघ्र आग पर काबू पा लिया जाएगा।
बेड़गांव, मानूर, टेंटुड़ा वन पंचायत के जंगल भी जले
नारायणबगड़। शुक्रवार देर शाम बेड़गांव, मानूर, टेंटुड़ा के वन पंचायत के जंगल में आग भड़क उठी। देखते ही देखते आग तेजी से जंगल में फैल गई। ग्रामीणों ने आग बुझाने की कोशिश की लेकिन आग विकराल होने के कारण बुझाया नहीं जा सका। समूचा जंगल आग में जल रहा है। वन पंचायत के जंगल में लगी हुई आग पर यदि जल्द काबू नहीं पाया गया तो इससे सटे आरक्षित वनक्षेत्र में वनाग्नि फैलने का खतरा बढ़ सकता है। वनक्षेत्र अधिकारी अखिलेश भट्ट ने बताया कि वन पंचायत के जंगल में लगी आग को बुझाने के प्रयास किए जा रहे हैं। कहा कि खेतीबाड़ी के काम शुरू होने से ग्रामीण खेतों में खरपतवार को जला रहे हैं जिससे उनसे सटे हुए जंगल इसकी चपेट में आ रहे हैं। संवाद