कर्णप्रयाग। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान में दो दिवसीय सामुदायिक सहभागिता प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुक्रवार को समापन हो गया। प्रशिक्षण में जिले के नौ ब्लॉकों के 80 संदर्भदाताओं ने पीटीए और एसएमसी के पदाधिकारियों और सदस्यों को सामुदायिक शिक्षा का प्रशिक्षण दिया गया। कहा कि बालक, पालक, शिक्षक और शासक शिक्षा के चार महत्वपूर्ण तत्व हैं जिनकी भूमिका शिक्षा के समग्र विकास को तय करती है।
डायट सभागार में आयोजित कार्यक्रम में संस्थान के प्राचार्य आकाश सारस्वत ने कहा कि समुदाय को उद्देश्य सुनिश्चित कर विद्यालय के साथ मिलकर बच्चों के चहुंमुखी विकास में बाधक बन रही समस्याओं के समाधान के लिए आगे आना होगाा। साथ ही अभिभावक बच्चे को घर में भी सीखने का एक अच्छा वातावरण दें। इस अवसर पर संस्थान के वरिष्ठ संकाय सदस्य आरपी मैखुरी, डाॅ. गजपाल राज, सुबोध डिमरी, योगेंद्र बर्त्वाल, सुमन भट्ट, जिला समन्वयक ज्योति आदि मौजूद रहे। संवाद