चमोली जिले में रुक-रुककर हो रही भारी बारिश से कई सड़कें अवरुद्ध हो गई हैं। निजमूला घाटी के लगभग 15 गांवों को यातायात से जोड़ने वाली एकमात्र बिरही-निजमूला सड़क गाड़ी गांव के समीप करीब आठ मीटर तक टूट गई है, जिससे यहां छोटे वाहनों की आवाजाही भी मुश्किल से हो पा रही है।
चमोली जिले में भूस्खलन और मलबा आने से सात ग्रामीण संपर्क मार्ग बाधित हो गए हैं, जिससे ग्रामीण लंबी दूरी पैदल आवाजाही कर गंतव्य को जा रहे हैं। बिरही-गौंणा मोटर मार्ग, नंदप्रयाग-देवखाल, डिडोली संपर्क मार्ग, कोठियालसैंण-चमणाऊं-पाडुली, अपर चमोली-खैनुरी, लासी-सरतोली और कुरुड़-माणखी मार्ग जगह-जगह मलबा आने से बंद पड़ा है। निजमूला घाटी में एक माह से रसोई गैस सिलेंडरों का वितरण भी नहीं हो पाया है। अब गाड़ी गांव के समीप सड़क टूटने से क्षेत्र में रसोई गैस की किल्लत भी बढ़ जाएगी। ग्रामीण राजेंद्र सिंह, महावीर और महेंद्र का कहना है कि निजमूला सड़क पर पिछले वर्ष की आपदा के दौरान मलबा आया था, जिसे पीएमजीएसवाई की ओर से अभी तक नहीं हटाया गया है। ऐसे में इस बार भी सड़क भूस्खलन और मलबा आने से क्षतिग्रस्त हो गई है। ग्रामीण जरूरी वस्तुएं भी अपनी पीठ पर लादकर ले जा रहे हैं। जिलाधिकारी स्वाति एस भदौरिया का कहना है कि कार्यदायी संस्थाओं को बंद सड़कों को तत्काल खोलने के निर्देश दिए गए हैं। बारिश में सड़कों को खोलने का काम प्रभावित हो रहा है। मौसम सामान्य होने पर सभी सड़कों को खोल दिया जाएगा।