बदरीनाथ हाईवे पर बाजपुर में भूस्खलन के बाद भी इस प्रकार हो रही वाहनों की आवाजाही।
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बदरीनाथ हाईवे को सुचारु बनाए रखना सीमा सड़क संगठन (बीआरओ) के लिए चुनौती बना हुआ है। हाईवे पर नंदप्रयाग से चमोली बाजार तक जगह-जगह फूट रहे बरसाती नाले बीआरओ के लिए बड़ी मुसीबत बने हैं। एक जुलाई को बादल फटने से इस दस किमी के क्षेत्र में हाईवे को बहुत नुकसान हुआ है।
यहां बाजपुर और मैठाणा के अलावा ग्यारह नए बरसाती नाले निकल आए हैं। अभी भी टनों मलबा पड़े होने से बीआरओ को यहां हाईवे को पूर्व अवस्था में लाने के लिए काफी वक्त लगेगा। मैठाणा, नंदप्रयाग और बाजपुर में कई जगहों पर हाईवे के पुश्ते नालों के बहाव में समा गए हैं। मौजूदा समय में यहां भारी वाहनों की आवाजाही मुश्किल से हो पा रही है।
बीआरओ के कमांडर कर्नल आर सुब्रमण्यम का कहना है कि नंदप्रयाग से चमोली तक हाईवे को सुधारने में अभी वक्त लगेगा। चमोली से पीपलकोटी के मध्य इन दिनों चौड़ीकरण कार्य चल रहा था, लेकिन अतिवृष्टि और जगह-जगह बादल फटने से हाईवे को बहुत नुकसान हुआ है। ब्यूरो