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गोविंदघाट और बदरीनाथ धाम में तैनात रहेगी एसडीआरएफ की टीम

Wed, 06 Apr 2016 09:13 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चमोली
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बदरीनाथ - फोटो : Amar Ujala
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जिलाधिकारी विनोद कुमार सुमन और पुलिस अधीक्षक प्रीति प्रियदर्शिनी ने जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ बुधवार को बदरीनाथ धाम पहुंचकर यात्रा तैयारियों का जायजा लिया। जिलाधिकारी ने यात्रा पड़ावों पर जगह-जगह पानी, बिजली, संचार सुविधा के लिए संबंधित अधिकारियों को 30 अप्रैल तक का समय दिया है।
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कहा कि नियत समय पर धाम तक सुविधाएं बहाल कर ली जाएं। उन्होंने बीआरओ को बदरीनाथ हाईवे के खतरनाक और निर्माणाधीन स्थानों पर दुर्घटनाओं को रोकने के लिए फौरी सुरक्षा इंतजाम करने और संकेतक लगाने के निर्देश दिए।

अधिकारियों का काफिला सुबह दस बजे चमोली बाजार से रवाना हुआ। यहां से सभी यात्रा पड़ावों पर व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया। डीएम ने बीआरओ के अधिकारियों को पुश्ता निर्माण और सरफेसिंग कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।
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जल संस्थान के अधिकारियों को यात्रा पड़ावों पर पेयजल लाइन दुरुस्त करने और हैंडपंपों को शुरू करने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि हाईवे के डेंजर जोन पर पुलिस के जवान तैनात किये जाएंगे।

बदरीनाथ और हेमकुंड साहिब के प्रवेश द्वार गोविंदघाट में एसडीआरएफ की टीमें तैनात होंगी। बदरीनाथ हाईवे पर रड़ांग बैंड और कंचन गंगा में हिमखंड पूरी तरह से पिघल गए हैं। दोनों जगहों पर हिमखंड हाईवे से करीब पांच मीटर पीछे चले गए हैं।

एसपी ने डोजर चलाकर हटाया बर्फ
जिला प्रशासन की टीम बदरीनाथ धाम में यात्रा व्यवस्थाओं का जायजा लेने के बाद देश के अंतिम गांव माणा भी जा रही थी, लेकिन माणा गांव से करीब आधा किलोमीटर पहले हाईवे पर हिमखंड पसरा होने से अधिकारी माणा नहीं पहुंच पाए।

इस दौरान पुलिस अधीक्षक प्रीति प्रियदर्शिनी ने यहां काम कर रहे बीआरओ के डोजर को कुछ देर तक स्वयं संचालित कर बर्फ हटाई।

माणा गांव इस बार बर्फ विहीन
इस वर्ष देश का अंतिम गांव माणा भी बर्फ विहीन है। गांव में भोटिया जनजाति के ग्रामीणों के भवनों को इस वर्ष बर्फ से कोई नुकसान नहीं हुआ है। माणा गांव के पूर्व प्रधान पीतांबर मोल्फा का कहना है कि बीते एक दशक में यह पहली बार देखने को मिल रहा है कि अप्रैल माह में माणा गांव बर्फ विहीन है।
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माणा गांव के ग्रामीण ग्रीष्मकाल में छह माह तक माणा में और शीतकाल में छह माह तक घिंघराण (गोपेश्वर) में निवास करते हैं।
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